जयपुर, 23 मई ।
राज्य सरकार के “शुद्ध आहार, मिलावट पर वार” अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने जयपुर में दूध में मिलावट और अमानक खाद्य पदार्थों के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 1450 लीटर संदिग्ध दूध नष्ट कराया।
विशेष अभियान के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने विभिन्न डेयरियों और दूध टैंकरों की जांच की। निरीक्षण में करीब 700 लीटर खट्टा और दुर्गंधयुक्त दूध तथा 750 किलोग्राम अमानक दूध पाए जाने पर उसे मौके पर ही नष्ट करवा दिया गया। यह कार्रवाई विभागीय अधिकारियों के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने की।
जानकारी के अनुसार कालाडेरा क्षेत्र स्थित एक डेयरी पर औचक निरीक्षण के दौरान दूध के नमूने जांच के लिए लिए गए और दूध के स्रोतों की जानकारी भी जुटाई गई। निरीक्षण में अनियमितताएं पाए जाने पर संबंधित संचालक को खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत नोटिस जारी किया गया।
इसके बाद टीम ने चितवाड़ी क्षेत्र में मावा निर्माण इकाइयों को दूध सप्लाई करने वाले टैंकरों की जांच की। जांच के दौरान एक टैंकर में रखा दूध प्रारंभिक परीक्षण में मानक स्तर का नहीं मिला, जिसके बाद उसे भी नष्ट कर दिया गया।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि मिलावटी दूध के कारोबार पर रोक लगाने के लिए विशेष निगरानी जारी रहेगी और आमजन के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।






.jpg)






