देवरिया, 19 मई।
देवरिया जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लार में मंगलवार को राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के संविदा कर्मचारियों ने दो माह से लंबित मानदेय के भुगतान को लेकर विरोध प्रदर्शन किया, जिससे अस्पताल परिसर में कुछ समय के लिए तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।
कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर कार्यस्थल पर ही सरकार और प्रशासन के प्रति नाराजगी व्यक्त की, हालांकि बाद में उन्होंने अपना विरोध समाप्त कर नियमित कार्य भी शुरू कर दिया।
संविदा कर्मचारियों का कहना है कि मार्च और अप्रैल 2026 का मानदेय अब तक जारी नहीं किया गया है, जिसके चलते उन्हें गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में नए शैक्षणिक सत्र के कारण बच्चों की फीस, किताबें और अन्य आवश्यक खर्चों का दबाव बढ़ गया है, साथ ही दैनिक जरूरतों को पूरा करना भी कठिन हो गया है।
कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि कई बार मांग उठाने के बावजूद अब तक किसी प्रकार की ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे उनके परिवारों की आजीविका प्रभावित हो रही है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 20 मई 2026 तक लंबित मानदेय का भुगतान नहीं किया गया तो 21 मई से ‘नो पे-नो वर्क’ की नीति अपनाकर कार्य बहिष्कार किया जाएगा और इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन एवं प्रशासन की होगी।
इस प्रदर्शन में डॉ. जगदीश प्रसाद, डॉ. आनंद प्रकाश, डॉ. रजनीश पांडे सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी शामिल रहे।






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