राजगढ़, 19 मई ।
राजगढ़ जिले के ब्यावरा के समीप ग्राम पीपलहेला स्थित महाकाल मंदिर में 20 मई से सात दिवसीय शिवमहापुराण कथा एवं रुद्र महायज्ञ का आयोजन प्रारंभ किया जाएगा। धार्मिक अनुष्ठान की शुरुआत हिमाद्री स्नान के साथ की जाएगी, जिसके साथ पूरे क्षेत्र में भक्ति और आस्था का वातावरण बन जाएगा।
इस आयोजन में कथा वाचन का दायित्व आचार्य प्रमोद नागर द्वारा निभाया जाएगा, जो श्रद्धालुओं को शिव महिमा और सनातन जीवन मूल्यों से जुड़े संदेश प्रदान करेंगे। वहीं रुद्र महायज्ञ का संचालन रुद्राचार्य सुदर्शन पारिक द्वारा किया जाएगा, जिसके माध्यम से वैदिक विधियों के अनुसार धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होंगे।
मंदिर समिति के अनुसार यहां वर्ष 2012 से प्रतिवर्ष महायज्ञ का आयोजन किया जा रहा है और इस वर्ष भी गंगा दशहरा के अवसर पर 26 मई को पूर्णाहुति संपन्न होगी। पूर्णाहुति के बाद विशाल महाप्रसादी का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
पीपलहेला का महाकाल मंदिर अपनी विशेष धार्मिक परंपराओं के लिए क्षेत्र में विशेष पहचान रखता है। यहां वर्ष 1992 से अखंड रामचरितमानस पाठ और अखंड ज्योति निरंतर प्रज्वलित है, जो पिछले कई दशकों से आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। इसके साथ ही वर्ष 2019 से प्रतिदिन भगवान महाकाल का विशेष श्रृंगार भी किया जा रहा है।
आगामी आयोजन को लेकर ग्रामीणों में उत्साह का माहौल है और मंदिर परिसर में पांडाल निर्माण, प्रकाश व्यवस्था एवं सजावट का कार्य अंतिम चरण में पहुंच चुका है। आयोजन में आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।












