चंडीगढ़, 26 मार्च।
हरियाणा सरकार ने सैनिकों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए कई नई योजनाओं की घोषणा की है। अब शारीरिक चोट या दुर्घटना के कारण अपने प्राण गंवाने वाले सैनिकों के परिवारों को राज्य सरकार की ओर से 10 लाख रुपये की अनुदान राशि प्रदान की जाएगी। सैनिक एवं अर्ध-सैनिक कल्याण विभाग ने नए वित्त वर्ष से इन योजनाओं को लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है।
इस योजना के तहत, रक्षा बलों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के उन जवानों की मृत्यु को फिजिकल कैजुअल्टी के रूप में मान्यता मिलने पर उनके परिवारों को 10 लाख रुपये दिए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, पूर्व सैनिकों और पूर्व अर्ध-सैनिक कर्मियों के पुनर्वास और आजीविका के लिए हरियाणा सैनिक एवं अर्धसैनिक कल्याण निगम की स्थापना की जाएगी। इसके माध्यम से पूर्व सैनिकों को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।
सरकार ने केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के वीरता पुरस्कार विजेताओं को दी जाने वाली एकमुश्त नकद राशि बढ़ाने की भी योजना बनाई है। इसके लिए संबंधित विभाग से प्रस्ताव मांगे जा चुके हैं। इसके अलावा नए वीरता पुरस्कारों को भी राज्य अनुदान के दायरे में शामिल किया जाएगा।
यह उल्लेखनीय है कि भारतीय सेनाओं में अन्य राज्यों की तुलना में हरियाणा के युवाओं की संख्या सबसे अधिक है। प्रदेश के रेवाड़ी, झज्जर, रोहतक, भिवानी, नारनौल जैसे जिलों के अधिकांश युवा भारतीय सेनाओं में सेवा दे रहे हैं। केंद्र सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली सुविधाओं के साथ अब हरियाणा सरकार भी सैनिकों और उनके परिवारों के हित में कई नई योजनाएं लागू करने जा रही है।











