पूर्वी सिंहभूम, 28 मार्च।
रामनवमी विसर्जन जुलूस को लेकर शनिवार को पूरा शहर हाई अलर्ट पर है। प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए हैं। मानगो, कदमा, परसुडीह, टेल्को और धातकीडीह को संवेदनशील घोषित कर इन इलाकों में विशेष निगरानी रखी जा रही है। शहरभर में 1650 पुलिसकर्मी और 313 दंडाधिकारी तैनात किए गए हैं, जबकि 340 सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन के जरिए हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।
शुक्रवार को साकची, काशीडीह और शीतला मंदिर समेत कई जगह पुलिस ने फ्लैग मार्च निकाला और लोगों में सुरक्षा का भरोसा दिलाया। दंगा नियंत्रण बल और जगुआर टीम के जवान संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त कर स्थिति का जायजा ले रहे हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की हंगामा, स्टंटबाजी या अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बिना नंबर प्लेट वाली बाइक से स्टंट करने वालों को चिन्हित कर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
शहर के 168 अखाड़ा जुलूसों की निगरानी के लिए 48 विशेष मॉनिटरिंग टीमें तैनात हैं। प्रमुख मार्गों जैसे साकची, कदमा और गोलमुरी में वीडियो रिकॉर्डिंग की विशेष व्यवस्था की गई है। सोशल मीडिया पर भी पुलिस की पैनी नजर है और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ तुरंत केस दर्ज करने की चेतावनी दी गई है।
दो साल पहले हुई अप्रिय घटना को ध्यान में रखते हुए कदमा के शास्त्रीनगर इलाके को सुरक्षा के लिहाज से किले में बदल दिया गया है। यहां 18 अस्थायी सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और बिजली बाधित होने पर जुलूस प्रभावित न हो, इसके लिए छह प्रमुख स्थानों पर हाई क्षमता वाले जेनरेटर लगाए गए हैं। इसके अलावा साकची गोलचक्कर, महाराणा प्रताप चौक, सुवर्णरेखा घाट और कदमा रंकिणी मंदिर के पास वॉच टावर बनाए गए हैं, जिनसे लगातार निगरानी की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग भी पूरी तरह अलर्ट मोड में है। शहर के 18 स्थानों पर एंबुलेंस और मेडिकल टीम तैनात की गई हैं। सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने सभी डॉक्टरों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं और आवश्यक स्थिति में 30 मिनट के भीतर अस्पताल पहुंचने का निर्देश दिया है।
सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने शनिवार को बताया कि शांतिपूर्ण और सुरक्षित विसर्जन सुनिश्चित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए गए हैं। उन्होंने साफ किया कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के साथ सख्ती से निपटा जाएगा।












