राजकोट, 12 अक्टूबर।
भारतीय ऑलराउंडर रविंद्र जडेजा ने रणजी ट्रॉफी में छत्तीसगढ़ के खिलाफ मुकाबले के दूसरे दिन सौराष्ट्र की ओर से शानदार शतकीय पारी खेली। राजकोट के निरंजन शाह स्टेडियम में उन्होंने 102 रन बनाए और प्रथम श्रेणी क्रिकेट में अपना 16वां शतक पूरा किया। उनकी पारी का अंत धर्मेंद्रसिंह जडेजा ने कैच और बोल्ड करके किया। इस मुकाबले में प्रेरक मांकड़ ने भी 129 रन की शतकीय पारी खेली, जबकि चिराग जानी ने 83 रन का योगदान दिया। इन तीनों बल्लेबाजों के दमदार प्रदर्शन से सौराष्ट्र ने पहली पारी में सभी विकेट गंवाकर 392 रन बनाए। इसके जवाब में छत्तीसगढ़ ने समाचार लिखे जाने तक एक विकेट पर 24 रन बना लिए थे। वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत की वनडे सीरीज में 2-1 की जीत के बाद जडेजा सौराष्ट्र की टीम से जुड़े थे। उन्होंने दो मैच खेले और दो विकेट हासिल किए, लेकिन बल्लेबाजी का अवसर नहीं मिला था। छत्तीसगढ़ के खिलाफ शतक से उन्हें लाल गेंद के क्रिकेट में बल्लेबाजी का अभ्यास करने का मौका मिला है। उनका पिछला लाल गेंद का मुकाबला श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में था।
जडेजा के लिए यह प्रदर्शन आगामी अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों की तैयारी के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भारतीय टीम को अगले महीने न्यूजीलैंड के दौरे पर दो टेस्ट मैच खेलने हैं। पहला टेस्ट 19 से 23 नवंबर तक वेलिंगटन में और दूसरा 27 नवंबर से 1 दिसंबर तक क्राइस्टचर्च में निर्धारित है। इस दौरे से पहले जडेजा अपनी बल्लेबाजी और गेंदबाजी की लय मजबूत करना चाहेंगे। रणजी ट्रॉफी का 92वां संस्करण 11 अक्टूबर से शुरू हुआ है। पिछले सत्र में शुरुआती दौर में बाहर होने वाली सौराष्ट्र की टीम को इस बार एलीट ग्रुप-बी में रखा गया है। इस ग्रुप में सौराष्ट्र के अलावा आंध्र, असम, छत्तीसगढ़, हैदराबाद, कर्नाटक, पंजाब और त्रिपुरा की टीमें शामिल हैं। जडेजा के शतक से सौराष्ट्र को पहली पारी में मजबूत स्कोर बनाने में मदद मिली है, जबकि मुकाबले में छत्तीसगढ़ की टीम अब अपनी पहली पारी आगे बढ़ा रही है।











