केंद्रीय गृह मंत्रालय के अनुसार, समिति ने इस उद्देश्य से पोर्टल शुरू किया है, जहां निर्धारित प्रारूप में संबंधित सामग्री प्रस्तुत की जा सकती है। यह पहल प्रभावित लोगों को अपना पक्ष रखने और घटनाओं से जुड़ी जानकारी साझा करने का अवसर प्रदान करेगी।
समिति उच्चतम न्यायालय के 18 अगस्त और 10 सितंबर 2026 के आदेशों में उल्लिखित मुद्दों की जांच करेगी। जांच में पैलेट गन के इस्तेमाल, महिला प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हिंसा और उत्पीड़न तथा दोनों पक्षों की ओर से हुई अत्यधिक हिंसा और संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की घटनाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
मंत्रालय के मुताबिक, पोर्टल को संवेदनशील गवाहों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। प्रभावित व्यक्तियों की इच्छा होने पर उनकी पहचान गोपनीय रखी जाएगी और सार्वजनिक नहीं की जाएगी। अन्य इच्छुक लोग भी घटनाओं से संबंधित जानकारी और सुझाव समिति को भेज सकते हैं।
शिकायतें और संबंधित दस्तावेज ऑनलाइन जमा करने के अलावा समिति के कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से भी दिए जा सकते हैं। समिति का कार्यालय शिक्षा सदन, 17, राउज एवेन्यू संस्थागत क्षेत्र, नई दिल्ली-110002 में स्थित है। यहां कार्यदिवसों में दोपहर दो बजे से शाम चार बजे तक दस्तावेज जमा कराए जा सकते हैं।
संबंधित सामग्री डाक के माध्यम से या hpec2026.enquiry@nic.in पर ईमेल करके भी भेजी जा सकती है।














