सीवान, 21 अक्टूबर।
बिहार के सीवान जिले के बड़हरिया थाना क्षेत्र के रसूलपुर गांव में बुधवार रात दशहरा मेले के दौरान आग के करतब दिखाते समय बड़ा हादसा हो गया। पेट्रोल से करतब दिखा रहे एक कलाकार के आग की चपेट में आने के बाद मची अफरा-तफरी में करीब एक दर्जन लोग झुलस गए। घटना के बाद मेले में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे।
हादसे में गंभीर रूप से झुलसे छह लोगों को पहले बड़हरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें सीवान सदर अस्पताल भेजा गया। इनमें चार की हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए पटना स्थित पीएमसीएच रेफर कर दिया। अन्य कई लोगों के भी मामूली रूप से झुलसने की सूचना है। उनका उपचार स्थानीय स्तर पर और सीवान के निजी अस्पतालों में चल रहा है।

घायलों में रसूलपुर निवासी दिलीप साह का 18 वर्षीय बेटा सूरज कुमार, मुन्ना प्रसाद का 10 वर्षीय बेटा अनीश कुमार, उमेश महतो का 18 वर्षीय बेटा राहुल कुमार, माया साह का 12 वर्षीय बेटा बिट्टू कुमार, गणेश साह का 10 वर्षीय बेटा रसूला और छक्का टोला निवासी प्रमोद महतो का 15 वर्षीय बेटा पवन कुमार शामिल हैं। सूरज, अनीश, राहुल और पवन की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें पटना रेफर किया गया।
प्रत्यक्ष घटनाक्रम के अनुसार, दशहरा मेले में कुछ कलाकार पेट्रोल की मदद से आग के करतब दिखा रहे थे। इसी दौरान एक कलाकार आग की चपेट में आ गया। खुद को बचाने के प्रयास में उसने पेट्रोल दर्शकों की ओर फेंक दिया, जिससे आग वहां मौजूद लोगों तक पहुंच गई और कई लोग झुलस गए।

आग फैलते ही मेले में चीख-पुकार मच गई। लोग घायलों की मदद करने और उन्हें अस्पताल पहुंचाने में जुट गए। सूचना मिलने पर प्रशासन की ओर से एंबुलेंस उपलब्ध कराई गई, जिसके जरिए घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया।
इस हादसे के बाद दशहरा कार्यक्रम में पेट्रोल से आग के करतब दिखाने और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। सार्वजनिक आयोजनों में ज्वलनशील पदार्थों का इस्तेमाल पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम के बिना किए जाने पर गंभीर हादसों का खतरा बना रहता है।
गुरुवार सुबह पुलिस अधीक्षक भारत सोनी घटनास्थल पर पहुंचे और हादसे के संबंध में जानकारी ली।















