नई दिल्ली, 08 अक्टूबर।
94वें वायु सेना दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह समेत कई नेताओं ने भारतीय वायु सेना के वायु योद्धाओं, पूर्व सैनिकों तथा उनके परिवारों को शुभकामनाएं दीं। राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि भारतीय वायु सेना ने अपनी दक्षता, अनुशासन और उच्च स्तर की तैयारी के जरिए देश की सुरक्षा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का उल्लेख करते हुए कहा कि इस अभियान ने वायु योद्धाओं के साहस, सटीकता और परिचालन क्षमता को साबित किया। उपराष्ट्रपति ने वायु सेना की वीरता, पेशेवर क्षमता और कर्तव्य के प्रति प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए कहा कि मानवीय सहायता और आपदा राहत के दौरान भी इसकी भूमिका उल्लेखनीय रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पिछले दशक में वायु सेना समेत देश की सेनाओं को आधुनिक और उन्नत तकनीक उपलब्ध हुई है। अब भारतीय वायु सेना हथियारों के साथ डेटा और ड्रोन तकनीक का भी प्रभावी इस्तेमाल कर रही है और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने उसकी सामर्थ्य को स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया है।
ओम बिरला ने कहा कि भारतीय वायु सेना ने अपने गौरवशाली इतिहास में साहस, शौर्य, अनुशासन और दृढ़ संकल्प की मिसाल कायम की है। युद्ध अभियानों के साथ मानवीय सहायता और आपदा राहत में भी वायु योद्धाओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वायु सेना को साहस, वीरता, अनुशासन और पेशेवर क्षमता का प्रतीक बताते हुए कहा कि वायु योद्धाओं ने हर चुनौती के समय देश की सुरक्षा के लिए तत्परता दिखाई है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने वायु सेना की सटीक मारक क्षमता और अदम्य साहस की सराहना की तथा कहा कि उसकी देशभक्ति और पेशेवर प्रतिबद्धता आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ‘नभःस्पृशं दीप्तम्’ का उल्लेख करते हुए वायु योद्धाओं के शौर्य और कर्तव्यनिष्ठा को नमन किया। उन्होंने कहा कि देश के आकाश की सुरक्षा में जुटे इन वीरों पर पूरे राष्ट्र को गर्व है।














