चेन्नई, 23 अक्टूबर।
तमिलनाडु में उत्तर-पूर्वी मानसून के पूरी तरह सक्रिय होते ही कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश का दौर शुरू हो गया है। चेन्नई और तिरुवल्लूर समेत अनेक क्षेत्रों में लगातार हो रही वर्षा से आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
इसके अलावा तिरुवन्नामलाई, विलुप्पुरम और कल्लाकुरिची जिलों में भी गुरुवार से जारी भारी बारिश के कारण लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
हालात को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने तीनों जिलों में शिक्षण संस्थानों को बंद रखने का सख्त निर्णय लिया है। संबंधित जिला कलेक्टरों द्वारा इस बाबत आदेश जारी किए जा चुके हैं।
प्रशासन के निर्देशों के अनुसार, विलुप्पुरम और कल्लाकुरिची के सभी सरकारी व निजी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है। वहीं तिरुवन्नामलाई में स्कूलों के साथ-साथ कॉलेजों को भी बंद रखा गया है।
लगातार हो रही बारिश के कारण नागरिकों के रोजमर्रा के कामकाज बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। प्रशासनिक अमला पूरी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
मौसम विभाग ने तमिलनाडु के तटीय इलाकों में तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी है, जिसके मद्देनजर मछुआरों के लिए खास निर्देश जारी किए गए हैं।
चेतावनी के अनुसार, 23 से 26 अक्टूबर के बीच तमिलनाडु के तटीय हिस्सों, मन्नार की खाड़ी और कुमारी सागर में 35 से 45 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। कुछ जगहों पर हवा की गति बढ़कर 55 किमी प्रति घंटे तक भी पहुंच सकती है।
इसके अतिरिक्त 24 से 26 अक्टूबर तक केरल व कर्नाटक के तटीय क्षेत्रों, लक्षद्वीप और मालदीव के समुद्री इलाकों में भी तेज हवाओं का अनुमान जताया गया है।
प्रशासन ने मछुआरों को हिदायत दी है कि वे इस अवधि के दौरान इन खतरनाक समुद्री क्षेत्रों में मछली पकड़ने बिल्कुल न जाएं।
समुद्र की खराब स्थिति और तेज हवाओं को ध्यान में रखते हुए सभी से सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की गई है।














