नई दिल्ली, 24 अक्टूबर।
ताइवान के सिनेमा, संस्कृति और सामाजिक जीवन से भारतीय दर्शकों को परिचित कराने के उद्देश्य से शनिवार को ताइवान फिल्म महोत्सव 2026 का शुभारंभ हुआ। दिल्ली के त्रिवेणी कला संगम में आयोजित दो दिवसीय महोत्सव में ताइवान की छह चुनिंदा फिल्में प्रदर्शित की जा रही हैं। इनमें ‘ए चिप ओडिसी’, ‘हीरो! हिटो!’, ‘बिफोर द ब्राइट डे’ और ‘डीप क्वाइट रूम’ प्रमुख हैं।
ताइवान की खेल संस्कृति पर आधारित वृत्तचित्र आकर्षण
भारत में ताइवान के मुख्य प्रतिनिधि डॉ. मुमिन चेन ने बताया कि इस वर्ष महोत्सव में छह फिल्में शामिल की गई हैं। इनमें ‘हीरो! हिटो!’ वृत्तचित्र खास आकर्षण है। यह ताइवान की राष्ट्रीय बेसबॉल टीम के विश्व चैंपियनशिप जीतने के सफर पर आधारित है।
डॉ. चेन ने कहा कि बेसबॉल ताइवान में उतना ही लोकप्रिय है, जितना भारत में क्रिकेट। खेल अलग-अलग देशों और संस्कृतियों के लोगों को जोड़ने का माध्यम है। उन्होंने भारतीय दर्शकों से यह वृत्तचित्र देखने की अपील की, ताकि वे ताइवान की खेल संस्कृति और वहां के लोगों की भावनाओं को बेहतर ढंग से समझ सकें।
दिल्ली के बाद मुंबई तक पहुंचा महोत्सव
डॉ. चेन के अनुसार, पहले ताइवान फिल्म महोत्सव केवल दिल्ली में आयोजित होता था, लेकिन इस वर्ष इसका विस्तार मुंबई तक किया गया है। 31 अक्टूबर को मुंबई में महोत्सव के तहत तीन फिल्में प्रदर्शित की जाएंगी। अगले वर्ष इसे देश के अन्य शहरों में भी आयोजित करने की योजना है, ताकि अधिक भारतीय दर्शकों तक ताइवान का सिनेमा पहुंच सके।
तकनीक से लेकर पारिवारिक रिश्तों तक की कहानियां
भारत में ताइपे आर्थिक एवं सांस्कृतिक केंद्र के सांस्कृतिक प्रभाग की प्रमुख इसाबेल लिन ने बताया कि इस वर्ष की फिल्मों में वृत्तचित्र, ड्रामा, युवावस्था के अनुभव, पारिवारिक संबंध, लैंगिक विविधता, तकनीक और खेल संस्कृति जैसे विषय शामिल हैं।
इन फिल्मों के माध्यम से दर्शकों को ताइवान के तकनीकी विकास, खेल उपलब्धियों और सामाजिक जीवन से जुड़ी विविध कहानियां देखने का अवसर मिल रहा है। महोत्सव का उद्देश्य भारतीय और ताइवानी समाज के बीच सांस्कृतिक संवाद को मजबूत करना है।














