जयपुर, 26 अक्टूबर।
राजस्थान में वनरक्षक सीधी भर्ती परीक्षा-2020 में फर्जीवाड़े के मामले में विशेष अभियान समूह ने दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनमें मूल अभ्यर्थी भरतपुर जिले के भुसावर निवासी भारत मीणा (28) और उसकी जगह परीक्षा देने वाला जालौर जिले के सांचौर निवासी दिनेश कुमार बिश्नोई (29) शामिल हैं। दोनों को पुलिस अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच में सामने आया है कि भर्ती में नौकरी हासिल करने के लिए पांच लाख रुपये में सौदा तय किया गया था।
अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक विशाल बंसल के अनुसार, राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से आयोजित वनरक्षक भर्ती परीक्षा में अनियमितता को लेकर जयपुर स्थित विशेष अभियान समूह थाने में 26 सितंबर 2025 को मामला दर्ज किया गया था। जांच के दौरान पता चला कि भुसावर निवासी भारत मीणा ने भर्ती परीक्षा के लिए आवेदन किया था, लेकिन उसके स्थान पर दिनेश कुमार बिश्नोई ने परीक्षा दी थी।
जांच में सामने आया कि भारत मीणा ने भर्ती के जरिए नौकरी पाने के लिए भरतपुर जिले के ठेकड़ा निवासी डालूराम मीणा से संपर्क किया था। इस काम के लिए पांच लाख रुपये में सौदा तय हुआ। आरोप है कि इसी योजना के तहत डालूराम के माध्यम से दिनेश बिश्नोई को भारत मीणा की जगह परीक्षा देने के लिए भेजा गया।
पुलिस के मुताबिक, परीक्षा केंद्र में प्रवेश के लिए डमी अभ्यर्थी ने भारत मीणा के प्रवेश पत्र और उपस्थिति पत्रक पर अपनी तस्वीर लगा दी थी। इसके अलावा उसने भारत मीणा के नाम से फर्जी हस्ताक्षर कर परीक्षा दी।
विशेष अभियान समूह अब दोनों आरोपितों से पूछताछ कर रहा है। जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इस फर्जीवाड़े में अन्य कौन लोग शामिल थे और भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी से जुड़े दूसरे तथ्य क्या हैं।














