भोपाल, 03 नवंबर।
राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक भारत-श्रेष्ठ भारत की परिकल्पना के तहत राज्यों के स्थापना दिवस मनाने की पहल देश की सांस्कृतिक एकता और संघीय व्यवस्था को मजबूत करती है। ऐसे आयोजन विभिन्न प्रदेशों की परंपराओं, लोक कलाओं और जीवनशैली को जानने का अवसर देते हैं।
राज्यपाल मंगलवार को लोकभवन में मध्य प्रदेश सहित पंजाब, हरियाणा, छत्तीसगढ़, चंडीगढ़, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के स्थापना दिवस के संयुक्त समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने सभी प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के प्रतिभागियों को ट्रॉफी व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।
पटेल ने कहा कि मध्य प्रदेश अतिथि सत्कार, सद्भाव और अपनत्व की भूमि है। देश के विभिन्न राज्यों की कृषि, उद्योग, खेल, जनजातीय विरासत, प्राकृतिक संसाधन, पर्यटन, शिक्षा और आधुनिक नगर नियोजन भारत की प्रगति में योगदान देते हैं। सभी क्षेत्रों की विशेषताएं मिलकर देश के विकास को गति देती हैं।
उन्होंने युवाओं से आपसी संवाद बढ़ाने, विभिन्न प्रदेशों की भाषा, कला और इतिहास को समझने तथा नवाचार और सेवा के कार्यों में सहभागी बनने का आह्वान किया। उन्होंने देश के संसाधनों और प्रतिभाओं का बेहतर उपयोग कर आत्मनिर्भर भारत और विकसित भारत के निर्माण में योगदान देने का संकल्प भी दिलाया।
समारोह में विभिन्न राज्यों पर आधारित लघु फिल्में दिखाई गईं। पंजाब की गुरुवाणी, लोकगीत और गिद्धा, हरियाणा का लोकनृत्य तथा छत्तीसगढ़ की लोकसंगीत और शक्ति उपासना से जुड़ी प्रस्तुतियां हुईं। कार्यक्रम में संबंधित राज्यों के मध्य प्रदेश में निवासरत नागरिक और लोकभवन के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।















