काकामिगहारा, 30 सितंबर।
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला हॉकी टीम ने दक्षिण कोरिया को 2-0 से हराकर फाइनल में जगह बना ली है और अपना पदक पक्का कर लिया है। बुधवार को खेले गए सेमीफाइनल में भारतीय टीम ने पूरे मुकाबले में मजबूत खेल दिखाया। अब स्वर्ण पदक के लिए भारत का सामना चीन से होगा।
सलीमा टेटे की कप्तानी में भारतीय टीम ने शुरुआत से ही गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा। पहले क्वार्टर में भारत को कई पेनाल्टी कॉर्नर मिले, लेकिन टीम उन्हें गोल में नहीं बदल सकी। भारतीय खिलाड़ियों ने खुले खेल में भी मौके बनाए, मगर दक्षिण कोरिया की रक्षापंक्ति के सामने सफलता नहीं मिली। कोरियाई टीम के जवाबी हमलों को भारतीय रक्षापंक्ति ने प्रभावी ढंग से रोक दिया।
दूसरे क्वार्टर में भी भारत का दबाव कायम रहा। पेनाल्टी कॉर्नर के जरिए गोल करने की कोशिशें जारी रहीं। नवनीत कौर के एक बेहतरीन शॉट को दक्षिण कोरियाई गोलकीपर ने डाइव लगाकर रोक दिया। लगातार हमलों के बावजूद पहले हाफ में कोई गोल नहीं हुआ और स्कोर 0-0 रहा।
तीसरे क्वार्टर में भारत ने हमले तेज किए। 44वें मिनट में इशिका ने शानदार फिनिश करते हुए भारत को 1-0 की बढ़त दिला दी। आखिरी क्वार्टर की शुरुआत में भारतीय टीम ने अपनी बढ़त दोगुनी कर ली। कप्तान सलीमा टेटे के शानदार मूव के बाद गेंद शूटिंग सर्कल में पहुंची और दक्षिण कोरियाई डिफेंडर की स्टिक से दिशा बदलकर गोल में चली गई।
दो गोल से पिछड़ने के बाद दक्षिण कोरिया ने वापसी की कोशिश की, लेकिन भारतीय रक्षापंक्ति ने अंतिम मिनटों में उसे कोई मौका नहीं दिया। मुकाबला 2-0 से भारत के पक्ष में समाप्त हुआ। भारतीय महिला टीम अब 1982 के बाद एशियन गेम्स में अपना पहला स्वर्ण पदक जीतने के लिए फाइनल में चीन का सामना करेगी।
भारत ने पूल चरण में उज्बेकिस्तान को 19-0, इंडोनेशिया को 17-1, थाईलैंड को 20-1, जापान को 3-1 और सिंगापुर को 7-0 से हराया था। टीम ने अपने सभी पूल मुकाबले जीतकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया था। अब शुक्रवार को चीन के खिलाफ खिताबी मुकाबले में भारतीय टीम स्वर्ण पदक के लिए उतरेगी।













