तेहरान, 01 अप्रैल 2026।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराकची ने बुधवार को स्पष्ट किया कि ईरान अमेरिका और इज़राइल के साथ चल रहे संघर्ष को कम-से-कम छह महीने तक जारी रखने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि देश अपनी जवाबी सैन्य कार्रवाई लगातार जारी रखेगा और किसी भी बाहरी दबाव या समय-सीमा को स्वीकार नहीं करेगा।
अराकची ने इंटरव्यू में कहा कि फिलहाल ईरान और अमेरिका के बीच कोई औपचारिक वार्ता नहीं चल रही है, हालांकि दोनों पक्षों के बीच संदेशों का आदान-प्रदान जारी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी संभावित वार्ता का निर्णय ईरान के सर्वोच्च नेतृत्व द्वारा लिया जाएगा और इसका उद्देश्य केवल देश के हितों की रक्षा होगा।
विदेश मंत्री ने कहा कि ईरान स्थायी युद्धविराम नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र में स्थायी शांति चाहता है। होर्मुज जलडमरूमध्य फिलहाल खुला है, लेकिन युद्ध की स्थिति में दुश्मन देशों के जहाजों को इसकी अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि ईरान की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कदम उठाएगा और किसी भी तरह की धमकी को स्वीकार नहीं करेगा।
अराकची ने अमेरिका के 15-सूत्रीय प्रस्ताव पर अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं देने की बात दोहराई और यह स्पष्ट किया कि मीडिया में प्रकाशित रिपोर्टों को वह वास्तविकता नहीं मानते। उन्होंने कहा कि ईरान ने कई बार अपनी क्षमता साबित की है और किसी अंतिम चेतावनी को स्वीकार नहीं करेगा।
उन्होंने बाब अल-मंडेब और लाल सागर तक संभावित विस्तार के बारे में कहा कि यह क्षेत्रीय देशों, विशेषकर यमन के अपने निर्णयों पर निर्भर करेगा। ईरान किसी से सहायता की अपेक्षा नहीं करता और अपने देश की रक्षा स्वयं करने में सक्षम है।









