नलखेड़ा, 26 अक्टूबर।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को आगर-मालवा जिले के नलखेड़ा स्थित विश्वप्रसिद्ध शक्तिपीठ मां बगलामुखी मंदिर परिसर में 85.40 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मां बगलामुखी देवी लोक के पहले चरण का भूमिपूजन किया। उन्होंने कहा कि यह धार्मिक स्थल भविष्य में आस्था, अध्यात्म और पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनेगा, जहां देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी।
मुख्यमंत्री ने मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच निर्माण कार्यों का शुभारंभ किया गया। उन्होंने कहा कि श्रीमहाकाल लोक के विकास के बाद मालवा क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को नई पहचान मिली है और अब मां बगलामुखी धाम को भी भव्य स्वरूप दिया जाएगा।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आमला से नलखेड़ा तक 55 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से करीब 14 किलोमीटर लंबा फोरलेन बायपास बनाया जा रहा है। लखुंदर नदी पर 13.77 करोड़ रुपये से उच्चस्तरीय पुल भी बनेगा। जरूरत के अनुसार सड़कों का चौड़ीकरण और पुलियों का निर्माण भी किया जाएगा।
सरकार प्रदेश के 14 से अधिक धार्मिक स्थलों को दिव्यलोक के रूप में विकसित करने की दिशा में काम कर रही है। इनमें उज्जैन का श्रीमहाकाल लोक, ओंकारेश्वर का एकात्म धाम, ओरछा की श्रीराम नगरी और चित्रकूट धाम शामिल हैं। नलखेड़ा में नदी किनारे घाट, पार्किंग, धर्मशालाएं, स्वच्छ शौचालय और अतिथि भवन भी विकसित किए जाएंगे।
108 फीट ऊंचा होगा मंदिर का शिखर
परियोजना के पहले चरण में 2,800 वर्गमीटर क्षेत्र में मुख्य मंदिर बनेगा। इसके शिखर की ऊंचाई 108 फीट होगी। धार्मिक अनुष्ठानों के लिए 220 यज्ञशालाएं और 625 वर्गमीटर क्षेत्र में गौशाला बनाई जाएगी। मंदिर गलियारे और प्रांगण का विकास भी किया जाएगा।
परिसर में चार मुख्य प्रवेश द्वार, विशिष्ट अतिथियों के लिए भवन, चारपहिया वाहनों और बसों की पार्किंग, उद्यान, सुरक्षा दीवार, विद्युत व्यवस्था, आकर्षक रोशनी, जल निकासी और अग्निशमन सुविधाएं विकसित होंगी। मुख्यमंत्री ने बेहतर बारिश से सोयाबीन की फसल अच्छी होने का उल्लेख करते हुए किसानों को लगभग सात हजार रुपये प्रति क्विंटल मिलने की बात भी कही। कार्यक्रम में सांसद रोडमल नागर, जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।














