नई दिल्ली, 15 अक्टूबर।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सलाह पर डॉ. एल. मुरुगन का केंद्रीय मंत्रिपरिषद से इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है।
राष्ट्रपति भवन की ओर से गुरुवार को जारी विज्ञप्ति के अनुसार, संविधान के अनुच्छेद 75 के खंड (2) के तहत उनका इस्तीफा स्वीकार किया गया है।
तमिलनाडु में पार्टी को मजबूत करने पर ध्यान
सूचना एवं प्रसारण तथा संसदीय कार्य राज्य मंत्री रहे मुरुगन ने 13 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखकर मंत्री पद से मुक्त करने का अनुरोध किया था। उन्होंने अपने इस्तीफे की घोषणा करते हुए पत्र को सोशल मीडिया पर साझा किया था।
मुरुगन ने तमिलनाडु में भारतीय जनता पार्टी को मजबूत करने और 2029 के लोकसभा चुनाव की तैयारी के लिए पूरा समय देने की इच्छा जताई थी। उन्होंने कहा था कि वह जमीनी स्तर पर लौटकर पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ काम करना चाहते हैं। साथ ही, राज्य के गांवों और शहरों में पार्टी का जनाधार बढ़ाने के लिए अपना समय समर्पित करना चाहते हैं।
प्रधानमंत्री के प्रति जताया आभार
मुरुगन ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय मंत्रिपरिषद में काम करने को अपने जीवन का बड़ा सौभाग्य बताया था और उनके प्रति आभार व्यक्त किया था। उन्होंने राज्यसभा की सदस्यता छोड़ने की अनुमति भी मांगी थी।
मुरुगन मध्य प्रदेश से राज्यसभा सदस्य हैं। उनका कार्यकाल वर्ष 2030 में समाप्त होना था। वर्ष 2021 में प्रधानमंत्री मोदी की मंत्रिपरिषद में उन्हें राज्य मंत्री बनाया गया था। वर्ष 2024 में मोदी के तीसरे कार्यकाल में भी वह इस पद पर बने रहे।














