वाराणसी, 04 अप्रैल 2026।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का वाराणसी दौरा शनिवार को अपने दूसरे और अंतिम दिन बेहद सादगीपूर्ण और स्थानीय रंग में ढला नजर आया।
शनिवार की सुबह, वाराणसी से मध्य प्रदेश लौटने से पहले मुख्यमंत्री यादव ने नदेसर स्थित मिंट हाउस के पास एक प्रसिद्द मिठाई और स्नैक की दुकान पर अचानक अपना काफिला रुकवा दिया। उन्होंने अपने परिवार के सदस्यों के साथ आम नागरिकों की तरह टेबल पर बैठकर बनारसी व्यंजनों का आनंद लिया। मुख्यमंत्री ने कचौड़ी, जलेबी और लस्सी का स्वाद चखते हुए स्थानीय खान-पान की सराहना की।

मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि भारत के हर प्रांत और शहर की अपनी विशिष्ट भोजन परंपरा होती है, जो उसकी पहचान और सांस्कृतिक विरासत का हिस्सा है। उन्होंने स्थानीय स्वाद और पारंपरिक व्यंजनों को हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का अहम हिस्सा बताया।
मुख्यमंत्री के इस सहज और विनम्र व्यवहार की खबर फैलते ही दुकान के बाहर राहगीरों और स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। लोग उन्हें करीब से देखने के लिए उत्साहित नजर आए और उनके ‘खांटी बनारसी’ अंदाज की जमकर प्रशंसा की।
मिष्ठान्न भंडार में जलपान और स्थानीय व्यंजनों का आनंद लेने के बाद मुख्यमंत्री यादव कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बाबतपुर एयरपोर्ट के लिए रवाना हुए, जहां से उन्होंने मध्य प्रदेश के लिए प्रस्थान किया।











