बाल्टिक पोर्ट, 01 अप्रैल।
बाल्टिक के प्रमुख पोर्ट्स पर यूक्रेन के लगातार ड्रोन हमलों के कारण रूस के समुद्री तेल निर्यात में भारी गिरावट दर्ज की गई है। पिछले सप्ताह रूसी क्रूड का साप्ताहिक प्रवाह लगभग 1.75 मिलियन बैरल प्रति दिन घटकर 2.32 मिलियन बैरल पर आ गया, जबकि इससे पहले यह 4.07 मिलियन बैरल प्रति दिन था।
टैंकर ट्रैकिंग डेटा के अनुसार 29 मार्च को समाप्त सप्ताह में सिर्फ 22 टैंकरों ने 16.23 मिलियन बैरल तेल लोड किया, जबकि पिछले सप्ताह यह संख्या 37 टैंकर और 28.5 मिलियन बैरल थी। इस गिरावट का मुख्य कारण प्रिमोर्स्क और उस्त-लुगा पोर्ट्स में ड्रोन हमलों की वजह से शिपमेंट में लगातार रुकावट रही।
विशेषज्ञों ने बताया कि बाल्टिक पोर्ट से रूसी तेल का निर्यात पिछले आठ सालों में सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है। रूसी तेल कंपनियों ने खरीदारों को चेतावनी दी है कि वे बाल्टिक पोर्ट से सप्लाई पर फोर्स मेज्योर घोषित कर सकती हैं, लेकिन समुद्री मार्ग से आने वाले क्रूड का उपयोग कर शिपमेंट जारी रखा गया।
टैंकरों में संग्रहित तेल की मात्रा भी घटकर 118 मिलियन बैरल रह गई, जो पहले 13 मिलियन बैरल अधिक थी। इस बीच ईरान युद्ध से उत्पन्न वैश्विक ऊर्जा संकट के बावजूद रूस के यूराल्स क्रूड की कीमत $73.24 प्रति बैरल तक बढ़ गई, लेकिन एक्सपोर्ट से होने वाली आय घटकर $1.44 बिलियन रह गई, जो पिछले सप्ताह $2.45 बिलियन थी। इससे रूस को लगभग $1 बिलियन का आर्थिक नुकसान हुआ।











