दोहा, 19 मार्च 2026।
ईरान ने कतर के रास लफ्फान इंडस्ट्रियल सिटी स्थित दुनिया के सबसे बड़े लिक्विफाइड नेचुरल गैस (एलएनजी) निर्यात टर्मिनल पर मिसाइल हमला किया है। यह हमला 18-19 मार्च की रात को किया गया। कतर ने बताया कि देश की मुख्य गैस सुविधा रास लफ्फान इंडस्ट्रियल सिटी पर ईरानी मिसाइल हमलों से काफी नुकसान हुआ है।
कतर के विदेश मंत्रालय ने ईरान के इस हमले की कड़ी निंदा की है। हमले के दौरान टर्मिनल में आग लग गई। अधिकारियों ने बताया कि ईरान ने कुल पांच बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं, जिनमें से चार को इंटरसेप्ट कर लिया गया, लेकिन एक मिसाइल टर्मिनल पर गिर गई। इसके अलावा ईरान ने ड्रोन का भी इस्तेमाल किया।
कतर एनर्जी ने पुष्टि की है कि हमले के कारण टर्मिनल पर भीषण आग लगी और बुनियादी ढांचे को व्यापक नुकसान हुआ। हालांकि, किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं है। रास लफ्फान से दुनिया की लगभग 20 प्रतिशत एलएनजी की आपूर्ति होती है। इस हमले के बाद कतर ने एलएनजी का उत्पादन फिलहाल रोक दिया है। इससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में हड़कंप मच गया और ब्रेंट क्रूड की कीमतें सात प्रतिशत से अधिक बढ़ गईं।
कतर ने इस हमले को अपनी संप्रभुता का उल्लंघन और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सीधा खतरा बताया है। प्रतिक्रिया स्वरूप कतर ने ईरानी दूतावास के सैन्य और सुरक्षा अधिकारियों को देश छोड़ने का आदेश दिया। इस बीच ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात के हबशान गैस संयंत्र और सऊदी अरब की रिफाइनरियों को निशाना बनाने की चेतावनी दी। इसके बाद वहां सुरक्षा अलर्ट जारी किया गया।
अबू धाबी के पास मिसाइल का मलबा गिरने से गैस प्लांट बंद कर दिए गए हैं। मीडिया ऑफिस ने बताया कि मिसाइलों को रोकने के दौरान गिरे मलबे की वजह से अबू धाबी के पास के गैस प्लांट में काम-काज रोक दिया गया। मिसाइलों ने हबशान गैस प्लांट और बाब तेल क्षेत्र को निशाना बनाया था। संयुक्त अरब अमीरात के विदेश मंत्रालय ने कहा कि ईरानी हमले अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन हैं और इसकी कड़ी निंदा करता है।









