नई दिल्ली, 26 जून।
दक्षिण-पश्चिम जिले की साइबर थाना पुलिस ने फर्जी गैस कनेक्शन बंद होने का संदेश भेजकर लोगों से साइबर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में झारखंड और पश्चिम बंगाल से चार आरोपितों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने उनके कब्जे से 20 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, एक टैबलेट, सोने-चांदी के आभूषण, 61,900 रुपये नकद और ठगी की रकम से खरीदी गई एक टाटा हैरियर कार बरामद की है। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान साहिल, रहीम, मोहसिन और दिलशाद के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार मामला एक महिला की शिकायत पर दर्ज किया गया था। महिला को एक संदेश मिला, जिसमें उसके आईजीएल गैस कनेक्शन के बंद होने की बात कही गई थी। सहायता के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क करने पर ठगों ने व्हाट्सएप के जरिए एक एपीके फाइल भेजी। फाइल इंस्टॉल करते ही साइबर अपराधियों ने मोबाइल का एक्सेस हासिल कर बैंक खाते और क्रेडिट कार्ड से करीब 2.64 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर ली।
जांच में खुलासा हुआ कि ठगी की रकम का इस्तेमाल तुरंत ऑनलाइन महंगे मोबाइल फोन, गिफ्ट कार्ड और अन्य इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदने में किया जाता था, ताकि रकम का स्रोत छिपाया जा सके। इसके बाद खरीदे गए सामान को बेचकर नकदी में बदला जाता था। जांच के दौरान पुलिस ने पीड़िता के क्रेडिट कार्ड से खरीदे गए दो मोबाइल फोन के आईएमईआई नंबर, डिलीवरी पते और मोबाइल नंबरों का विश्लेषण किया। इसमें पता चला कि सामान शाहीन बाग के एक फर्जी पते पर मंगाया गया था।
तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस ने शाहीन बाग की एक दुकान में कार्यरत एक सेल्समैन को हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने बताया कि वह साइबर अपराधियों के निर्देश पर पार्सल प्राप्त कर उन्हें कोलकाता भेजता था और इसके बदले कमीशन लेता था। उसके कब्जे से ऑनलाइन मंगाए गए सोने के सिक्के भी बरामद किए गए।
आगे की जांच में पुलिस ने कोलकाता के खिदिरपुर हब से पार्सल लेने पहुंचे साहिल को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान रहीम का नाम सामने आया, जो ठगी से खरीदे गए मोबाइल फोन कम कीमत पर खरीदकर अवैध माध्यमों और विदेश स्थित नेटवर्क के जरिए बेचता था। इसके बाद जांच झारखंड के देवघर पहुंची, जहां से मोहसिन और दिलशाद को भी गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के अनुसार दोनों ठगी से खरीदे गए इलेक्ट्रॉनिक सामान को ठिकाने लगाने और गिरोह के अन्य सदस्यों के साथ विभिन्न मोबाइल नंबरों के जरिए समन्वय का काम करते थे।









