वाशिंगटन, 27 जून।
अमेरिका ने ईरान के खिलाफ बड़ी सैन्य कार्रवाई करते हुए उसके कई ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं। अमेरिकी प्रशासन के अनुसार, यह कार्रवाई एक दिन पहले हॉर्मुज जलडमरूमध्य में एक मालवाहक जहाज पर हुए ड्रोन हमले के जवाब में की गई है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि उसकी सेनाओं ने रात भर ईरान में मिसाइल और ड्रोन लॉन्च स्थलों के साथ-साथ तटीय रडार केंद्रों को निशाना बनाया।
इन हमलों से कुछ ही समय पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में संवाददाताओं से बातचीत करते हुए कहा था कि ईरान द्वारा युद्धविराम समझौते के उल्लंघन के क्या परिणाम होंगे, यह जल्द ही सबको पता चल जाएगा। इसी बीच, ब्रिटिश सेना ने गुरुवार को बताया कि ओमान के तट के पास एक कंटेनर जहाज पर मिसाइल जैसी किसी वस्तु से हमला किया गया है, जो ईरान द्वारा इस समुद्री मार्ग का उपयोग न करने की चेतावनी के कुछ घंटे बाद ही हुआ।
यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस केंद्र ने जानकारी साझा की है कि इस घटना में किसी के घायल होने की कोई खबर नहीं है। ओमान के पास वाणिज्यिक जहाज पर हुए इस हमले के बाद अंतर्राष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) ने फंसे हुए जहाजों को सुरक्षित बाहर निकालने का अपना अभियान अस्थाई रूप से रोक दिया है। संगठन का कहना है कि जब तक अन्य जहाजों के सुरक्षित गुजरने और उन पर हमला न होने की गारंटी नहीं मिलती, तब तक निकासी कार्य दोबारा शुरू नहीं किया जाएगा।









