उज्जैन, 19 अक्टूबर।
धार्मिक नगरी उज्जैन में शारदीय नवरात्रि की महाअष्टमी के पावन अवसर पर नगर की शांति, सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना के साथ ऐतिहासिक शासकीय नगर पूजा सोमवार सुबह परंपरा के अनुसार प्रारंभ हुई। चौबीस खम्बा माता मंदिर पहुंचे कलेक्टर रौशन कुमार सिंह तथा पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा ने विधि-विधान से माता महामाया और महालया का पूजन-अर्चन किया। इस दौरान देवी को सोलह शृंगार, चुनरी और विशेष रूप से तैयार बलबाकल का भोग समर्पित कर पारंपरिक यात्रा का शुभारंभ किया गया। कलेक्टर ने नागरिकों को नवरात्रि की बधाई देते हुए बताया कि यह प्राचीन अनुष्ठान शहरवासियों की खुशहाली और मंगलकामना के उद्देश्य से प्रतिवर्ष श्रद्धापूर्वक आयोजित किया जाता है।
परंपरानुसार यह शासकीय नगर पूजा यात्रा शहर के लगभग 40 छोटे-बड़े देवी-देवताओं के मंदिरों से होकर गुजरेगी, जहाँ विधि-विधान से पूजा कर बलबाकल का भोग चढ़ाया जाएगा। उज्जैन की पौराणिक एवं सांस्कृतिक धरोहर का हिस्सा मानी जाने वाली यह यात्रा रात में अंकपात क्षेत्र स्थित हांडी फोड़ भैरव मंदिर पहुंचेगी, जहाँ हांडी फोड़ने के साथ इस अनुष्ठान का समापन होगा। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में शुरू हुई इस यात्रा में भक्ति और स्थानीय लोक-आस्था का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है।














