अयोध्या, 24 अक्टूबर।
दसवें दीपोत्सव की तैयारियों के तहत अयोध्या में स्वच्छता अभियान की शुरुआत हनुमानगढ़ी से की गई। महापौर महंत गिरीशपति त्रिपाठी ने हनुमानजी के दर्शन के बाद स्वयं झाड़ू लगाकर अभियान में भाग लिया। उनके साथ नगर निगम के सफाईकर्मियों, अधिकारियों, हनुमानगढ़ी के संतों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने भी सफाई की। अभियान के दौरान मंदिर की सीढ़ियों, आसपास के परिसर, राममंदिर जाने वाले मार्ग और फुटपाथों से कचरा, पॉलिथीन तथा कपड़ों के टुकड़े हटाए गए। इसके अलावा एंटी लार्वा दवा का छिड़काव और फॉगिंग भी कराई गई। महापौर ने मंदिर परिसर के शौचालय का निरीक्षण किया। पंजाबी बाबा की गली में जल प्याऊ के नीचे गंदा पानी जमा मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों को तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए। मुख्य द्वार के पास जल प्याऊ और पानी की पुरानी टंकी पर गंदगी मिलने पर भी उन्होंने जिम्मेदार कर्मचारियों को सफाई सुनिश्चित करने के लिए कहा।
महापौर ने बताया कि दीपोत्सव से पहले अयोध्या को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए जनभागीदारी से अभियान चलाया जा रहा है। 31 अक्टूबर को सरयू नदी के सभी घाटों पर विशेष सफाई अभियान आयोजित किया जाएगा, जिसमें नगर निगम के कर्मचारियों के साथ सामाजिक कार्यकर्ता, व्यापारी, राजनीतिक कार्यकर्ता और प्रबुद्धजन हिस्सा लेंगे। अभियान के प्रचार के लिए वाहन भी चलाया जा रहा है। महापौर ने नागरिकों से घरों के साथ-साथ सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि दीपावली से पहले शहर के हर हिस्से से गंदगी हटाई जानी चाहिए, ताकि दीपोत्सव में आने वाले श्रद्धालुओं को अयोध्या स्वच्छ और आकर्षक नजर आए। अभियान में नगर निगम के अधिकारी, पार्षद प्रतिनिधि, शिक्षाविद, संत और विभिन्न सामाजिक संगठनों के सदस्य शामिल हुए।














