लखनऊ, 02 अप्रैल 2026।
उत्तर प्रदेश के प्रमुख चार एक्सप्रेसवे पर अब वाहन चालकों को नई टोल दरों का सामना करना होगा। वर्ष 2026-27 के लिए संशोधित टोल रेट में सभी प्रकार के वाहनों की दरें बढ़ा दी गई हैं। यूपीडा की आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार यह वृद्धि पिछले वर्ष की तुलना में लगभग दो प्रतिशत है।
इस बदलाव के तहत आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे, बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे और गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर पूरे रूट की यात्रा के लिए नई टोल दरें लागू कर दी गई हैं। यह नई दरें 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी हो गई हैं और वाहन चालक, यात्री एवं व्यापारी इन परिवर्तनों से सीधे प्रभावित होंगे।
यूपीडा प्रवक्ता ने बताया कि टोल दरों में वृद्धि महंगाई और रखरखाव की बढ़ती लागत को ध्यान में रखकर तय की गई है। इन एक्सप्रेसवे का उपयोग करने वाले लाखों वाहन चालकों को अब अपनी यात्रा के दौरान अधिक शुल्क चुकाना होगा।
नई दरें दो पहिया, तीन पहिया और ट्रैक्टर के लिए: आगरा-लखनऊ पर 335 रुपये, पूर्वांचल पर 350 रुपये, बुंदेलखंड पर 315 रुपये और गोरखपुर पर 145 रुपये तय की गई हैं।
मोटर वाहन के लिए आगरा-लखनऊ पर 675 रुपये, पूर्वांचल पर 700 रुपये, बुंदेलखंड पर 635 रुपये और गोरखपुर पर 295 रुपये। हल्के व्यावसायिक वाहन, हल्के माल वाहन और मिनी बस के लिए क्रमशः 1065, 1105, 1000 और 440 रुपये चुकाने होंगे।
बस और ट्रक के लिए टोल दरें आगरा-लखनऊ पर 2150 रुपये, पूर्वांचल पर 2240 रुपये, बुंदेलखंड पर 2025 रुपये और गोरखपुर पर 845 रुपये रखी गई हैं।
भारी निर्माण मशीन, भू-गतिमान उपकरण और 3 से 6 धुरी वाले बहुधुरीय वाहन के लिए आगरा-लखनऊ पर 3290 रुपये, पूर्वांचल पर 3430 रुपये, बुंदेलखंड पर 3100 रुपये और गोरखपुर पर 1345 रुपये।
7 या अधिक धुरी वाले ओवरसाइज्ड वाहनों के लिए टोल सबसे अधिक रखा गया है: आगरा-लखनऊ पर 4230 रुपये, पूर्वांचल पर 4400 रुपये, बुंदेलखंड पर 3980 रुपये और गोरखपुर पर 1755 रुपये।











