श्रीनगर, 10 जून।
जम्मू-कश्मीर के सीमावर्ती क्षेत्र उरी में मंगलवार देर शाम एक दुखद घटना सामने आई है। नियंत्रण रेखा (एलओसी) के निकट कमलकोट इलाके में हुए एक अचानक धमाके की चपेट में आने से भारतीय सेना के दो जांबाज जवान वीरगति को प्राप्त हो गए हैं।
सेना के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, धमाके में गंभीर रूप से घायल होने के बाद दोनों सैनिकों को तुरंत प्राथमिक उपचार दिया गया और फिर हवाई मार्ग से श्रीनगर के बादामीबाग स्थित 92 बेस हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। हालांकि, चिकित्सकों के भरसक प्रयासों के बावजूद दोनों वीर सपूतों ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया और देश की रक्षा करते हुए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया।
शहीद हुए जवानों की पहचान महाराष्ट्र के निवासी के रूप में हुई है:
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चव्हाण विक्रम बालकृष्ण: ये महाराष्ट्र के ऐरोली के मूल निवासी थे।
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अर्जुन जाधव राजेंद्र: ये महाराष्ट्र के सतारा जिले की कराड तहसील अंतर्गत शाहपुर गांव के रहने वाले थे।
सेना के आला अधिकारी इस पूरी घटना की बारीकी से जांच कर रहे हैं। फिलहाल घटना से जुड़ी विस्तृत और तकनीकी जानकारी की प्रतीक्षा की जा रही है। इन जांबाज सैनिकों का सर्वोच्च बलिदान राष्ट्र के लिए एक बड़ी क्षति है।








