मुंबई, 10 जून।
बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री नुशरत भरुचा ने मूक पशुओं के प्रति बढ़ती क्रूरता के खिलाफ मजबूती से अपनी आवाज बुलंद की है। नुशरत भरुचा ने सोशल मीडिया पर फिल्म 'जाने तू... या जाने ना' से लोकप्रियता हासिल करने वाली सह-अभिनेत्री मंजरी फडणीस का एक बेहद मार्मिक इंस्टाग्राम वीडियो साझा किया है। इस वीडियो के जरिए एक प्यारे कम्युनिटी डॉग ‘मिकी’ की कथित तौर पर की गई बेरहम हत्या के खिलाफ न्याय की गुहार लगाई गई है।
इस दुखद वीडियो को अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर रीपोस्ट करते हुए नुशरत ने गहरा दुख और तीखा आक्रोश व्यक्त किया है। उन्होंने अपनी भावनाएं साझा करते हुए लिखा कि यह पूरी तरह से अमानवीय और अस्वीकार्य है। हम ऐसी क्रूर दुनिया का हिस्सा बिल्कुल नहीं हो सकते। इस घटना ने उनका दिल पूरी तरह से तोड़ दिया है और वह इस बर्बरता को लेकर बेहद गुस्से में हैं।
वायरल वीडियो में मंजरी फडणीस ने रोते हुए आपबीती बताई कि उनकी हाउसिंग सोसायटी के तमाम लोग पिछले कई दिनों से मिकी नाम के इस बेजुबान की तलाश में जुटे हुए थे। उसे खोजने की आस में पूरी सोसायटी में जगह-जगह पोस्टर भी चिपकाए गए थे और वहां तैनात सुरक्षाकर्मियों से भी लगातार पूछताछ की जा रही थी। मंजरी ने नम आंखों से मिकी को बेहद सीधा और एक “बहुत प्यारा कुत्ता” बताया। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए खुलासा किया कि सोसायटी के ही एक रसूखदार निवासी ने सोते समय उस बेजुबान पर बेहद बेरहमी से जानलेवा हमला करने का गुनाह कबूल किया है।
अभिनेत्री मंजरी के बयान के मुताबिक, उस मासूम कुत्ते के सिर पर लोहे की रॉड से कई ताबड़तोड़ वार किए गए, उसे जमीन पर बेरहमी से घसीटा गया और अधमरी हालत में भी लगातार प्रताड़ित किया गया, जिससे वह गंभीर रूप से लहूलुहान हो गया। मंजरी ने इस पूरी खौफनाक वारदात को सोशल मीडिया पर साझा करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी जिम्मेदारी तय करने और बेसहारा कम्युनिटी एनिमल के अधिकार के लिए न्याय सुनिश्चित करने की भावुक अपील की है।
नुशरत भरुचा द्वारा इस दर्दनाक वीडियो को रीपोस्ट कर अपना समर्थन देने के बाद से इंटरनेट पर पशु कल्याण और बेसहारा आवारा जानवरों के खिलाफ होने वाली हिंसा का गंभीर मुद्दा एक बार फिर गरमा गया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर हजारों यूजर्स इस क्रूरता की कड़ी निंदा कर रहे हैं और ऐसे संवेदनशील मामलों में दोषियों के खिलाफ त्वरित और सख्त दंडात्मक कार्रवाई की मांग उठा रहे हैं। मंजरी की इस मुहिम से जुड़कर नुशरत ने समाज में पशुओं के प्रति संवेदनशीलता, जवाबदेही और उनकी सुरक्षा को पुख्ता करने वाली आवाजों को एक नया हौसला दिया है।















