किन्शासा, 05 जुलाई।
लोकतांत्रिक गणराज्य कांगो (DRC) में इबोला का प्रकोप लगातार खतरनाक रूप लेता जा रहा है। सार्वजनिक स्वास्थ्य अधिकारियों द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक, देश में अब तक इबोला के 1,528 पुष्ट मामले सामने आ चुके हैं। इस भयावह बीमारी के कारण अब तक 492 लोगों की जान जा चुकी है।
राहत की बात यह है कि कुल 239 मरीज इस बीमारी से उबरकर स्वस्थ हो चुके हैं। फिलहाल 628 मरीज या तो आइसोलेशन में हैं या उनका इलाज चल रहा है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने 185 संदिग्ध मामलों की भी पहचान की है, जिन पर बारीकी से नजर रखी जा रही है।
प्रशासन को इस महामारी को नियंत्रित करने में कई बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। इनमें पोस्टमार्टम सैंपलिंग के प्रति लोगों का विरोध, इलाज केंद्रों में जगह की कमी और संपर्क ट्रेसिंग की कमजोरी शामिल है। विशेष रूप से उत्तरी किवु प्रांत में स्वास्थ्य सुविधाएं सीमित हैं।
इसके अलावा, प्रयोगशाला जांच में हो रही देरी, जरूरी चिकित्सीय उपकरणों की किल्लत और कुछ प्रभावित इलाकों में व्याप्त असुरक्षा ने हालात को और कठिन बना दिया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कांगो में बंडिबुग्यो वायरस से होने वाले इबोला के उपचार के लिए क्लिनिकल ट्रायल शुरू किया है। इस विशेष वायरस के लिए अभी तक कोई स्वीकृत वैक्सीन या उपचार उपलब्ध नहीं है।







