शिमला, 22 जुलाई।
हिमाचल प्रदेश पुलिस ने राज्य में नशा तस्करी पर रोक लगाने के उद्देश्य से 20 और 21 जुलाई को विशेष अंतरराज्यीय और अंतरजिला नाकाबंदी अभियान चलाया। पुलिस के अनुसार इस दौरान 159 चिन्हित स्थानों पर नाके लगाए गए और 12,350 वाहनों की गहन जांच की गई। कार्रवाई के दौरान एनडीपीएस अधिनियम के तहत एक मामला दर्ज कर चार लोगों को गिरफ्तार किया गया। उनके कब्जे से 350 ग्राम चरस बरामद हुई।
पुलिस विभाग के प्रवक्ता ने बुधवार को बताया कि यह अभियान विशेष कार्य बल (एसटीएफ) और जिला पुलिस ने संयुक्त रूप से चलाया। खुफिया सूचनाओं और विभिन्न जिलों के बीच समन्वय के आधार पर की गई इस कार्रवाई का उद्देश्य नशा तस्करी के नेटवर्क पर प्रभावी प्रहार करना और प्रदेश में अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाना है।
जांच के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। मोटर वाहन अधिनियम के तहत 891 चालान कर 33 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया। वहीं, कोटपा अधिनियम के तहत 237 चालान किए गए और सात हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। इसके अलावा खनन अधिनियम के तहत भी पांच चालान किए गए।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि अभियान के दौरान संदिग्ध पाए गए 18 लोगों के रक्त और मूत्र के नमूने भी लिए गए हैं। इनकी जांच रिपोर्ट आने के बाद कानूनी प्रक्रिया के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के मुताबिक इस अभियान का उद्देश्य युवाओं को नशे की गिरफ्त में जाने से रोकना और उन स्थानों पर निगरानी रखना है, जहां समूह बनाकर नशे का सेवन किए जाने की आशंका रहती है।
पुलिस ने लोगों, विशेषकर युवाओं से अपील की है कि नशे से जुड़ी किसी भी गतिविधि की सूचना तुरंत आपातकालीन नंबर 112 या नजदीकी पुलिस थाने को दें। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।










