ग्लासगो, 27 जुलाई।
ग्लासगो में जारी राष्ट्रमंडल खेल 2026 के महामुकाबले में भारत के उत्कृष्ट भारोत्तोलक राजा मुथुपांडी ने अपने फौलादी इरादों का प्रदर्शन करते हुए पुरुषों की 65 किलोग्राम भार स्पर्धा में शानदार रजत पदक अपने नाम कर लिया है। शनिवार को खेले गए इस कड़े मुकाबले में उन्होंने कुल 286 किलोग्राम वजन उठाकर दूसरा स्थान हासिल किया और देश की झोली में दूसरा रजत पदक डाला।
इस रोमांचक स्पर्धा का स्वर्ण पदक मलेशिया के दिग्गज अज़निल बिन बिदिन मोहम्मद ने कुल 299 किलोग्राम वजन उठाकर अपने कब्जे में किया। इसके साथ ही, पापुआ न्यू गिनी के मोरिया बारू ने कुल 282 किलोग्राम वजन उठाकर कांस्य पदक पर अपना अधिकार जमाया।
महज 22 वर्ष के राजा मुथुपांडी के खेल करियर का यह पहला राष्ट्रमंडल खेल पदक है। इससे पहले वे गोल्ड कोस्ट 2018 के संस्करण में छठे पायदान पर रहे थे, और इसके अलावा उन्होंने अगस्त 2025 की राष्ट्रमंडल भारोत्तोलन चैंपियनशिप में भी रजत पदक जीतकर अपनी क्षमता का लोहा मनवाया था।
राजा मुथुपांडी की इस गौरवशाली सफलता के साथ ही राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारत के कुल पदकों की संख्या बढ़कर अब चार हो गई है। वर्तमान में भारतीय दल के खाते में एक स्वर्ण, दो रजत और एक कांस्य पदक दर्ज हो चुका है, जिससे आने वाले दिनों में अन्य स्पर्धाओं में भी देश के लिए पदकों की संख्या में और इजाफा होने की प्रबल उम्मीद है।














