कोलकाता, 31 जुलाई।
पश्चिम बंगाल के मंत्री ने मीडिया से बातचीत के दौरान यह दो टूक कहा है कि छात्रों का भविष्य और उनका हित सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है जिसे हर हाल में सुरक्षित रखा जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि न्यायालय और प्रशासन पहले ही यह बात साफ कर चुके हैं कि नाबालिग विद्यार्थियों के विरुद्ध कोई कठोर कदम नहीं उठाया जाएगा, किंतु यदि कोई व्यक्ति कानून को हाथ में लेकर अपराध करता है तो कानूनी शिकंजा कसना तय है।
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री की शांति बनाए रखने की अपील के बावजूद जिन उपद्रवियों ने सरकारी संपत्ति को तहस-नहस किया और पुलिसकर्मियों पर हमले किए, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। दूसरे राज्यों का उदाहरण देते हुए उन्होंने विपक्षी दलों को आड़े हाथों लिया और कहा कि जो लोग आज इस मामले को लेकर सबसे अधिक हंगामा काट रहे हैं, उनके खुद के शासनकाल में परीक्षाओं के दौरान पर्चे लीक होने की अनेकों घटनाएं सामने आ चुकी हैं।














