नई दिल्ली, 26 सितंबर।
जापान के आइची-नगोया में आयोजित एशियन गेम्स 2026 में अपनी खेल प्रतिभा का लोहा मनवाने के बाद भारतीय निशानेबाजों का दल शुक्रवार को स्वदेश लौट आया। राजधानी के हवाई अड्डे पर पहुंचते ही मेडलवीरों का स्वागत पारंपरिक ढोल-नगाड़ों और जोरदार उत्साह के साथ किया गया, जहां खिलाड़ियों का अभिनंदन करने के लिए उनके परिवारजन भी बड़ी संख्या में मौजूद थे। इस अवसर पर अपने अनुभव साझा करते हुए शूटर राइजा ढिल्लों ने कहा कि पूरी शूटिंग टीम ने इस महाकुंभ में उम्दा प्रदर्शन किया है और सभी ने पदक अपने नाम किए हैं। उन्होंने इस मुकाम तक पहुंचने के सफर को अपनी कड़ी मेहनत का परिणाम बताते हुए खेल मंत्रालय, भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) और सभी प्रायोजकों (स्पॉन्सर्स) के निरंतर सहयोग के प्रति आभार व्यक्त किया।
पुरुष वर्ग और मिश्रित स्पर्धाओं में कुल दो कांस्य पदक अपने नाम करने वाले निशानेबाज अनंतजीत सिंह नरुका ने अपनी खुशी बयां करते हुए कहा कि एक साथ दो मेडल जीतने की अनुभूति बेहद खास होती है। उन्होंने याद दिलाया कि इससे पिछले एशियन गेम्स में भी उन्होंने दो पदक जीते थे और इस बार भी उस सिलसिले को बरकरार रखने में सफल रहे हैं। वहीं, एक अन्य शूटर भवतेघ सिंह गिल ने इस सफलता को देश के लिए गर्व का ऐतिहासिक पल करार दिया। उन्होंने कहा कि एशियन गेम्स का शानदार आयोजन और भारतीय दल का उत्कृष्ट प्रदर्शन इस अनुभव को अविस्मरणीय बनाता है, जिसकी किसी अन्य चीज से तुलना नहीं की जा सकती।
पदक तालिका पर नजर डालें तो अनंतजीत और परिनाज की जोड़ी ने स्कीट मिक्स्ड टीम इवेंट में देश के लिए ब्रॉन्ज मेडल जीता। इसके अलावा, पुरुषों की स्पर्धा में भवतेघ सिंह गिल, अनंतजीत सिंह और मैराज अहमद खान की तिकड़ी ने तथा महिलाओं में परिनाज, राइजा और माहेश्वर की टीम ने 331 का स्कोर बनाकर कांस्य पदक पर कब्जा जमाया। भारत ने इस प्रतियोगिता में अपने पदकों का खाता महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा से खोला था, जहां इलावेनिल वलारिवन, सोनम मस्कर और विदर्शा विनोद की चौकड़ी ने सिल्वर मेडल हासिल किया। इसके अतिरिक्त, इलावेनिल ने व्यक्तिगत 10 मीटर एयर राइफल मुकाबले में भी अपनी श्रेष्ठता साबित करते हुए रजत पदक अपने नाम किया।
निशानेबाजी के अन्य मुकाबलों में पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा के तहत हिमांशु ढिल्लों, पार्थ माने और रुद्राक्ष पाटिल ने भारत की झोली में एक और रजत पदक डाला। इसके बाद व्यक्तिगत मुकाबलों में भी भारतीय शूटर्स का जलवा कायम रहा, जिसमें हिमांशु ने शानदार खेल दिखाते हुए रजत और रुद्राक्ष ने कांस्य पदक जीतकर देश के कुल पदकों की संख्या में उल्लेखनीय इजाफा किया।











