नई दिल्ली, 05 अक्टूबर।
विश्व बैंक के अध्यक्ष अजय बंगा ने कहा है कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता भारत और अन्य विकासशील देशों में किसानों तथा कामगारों के जीवन में बड़ा बदलाव ला सकती है। उनके मुताबिक इन देशों में इसका शुरुआती असर विकसित अर्थव्यवस्थाओं की तरह बड़े पैमाने पर नौकरियों के लिए खतरा नहीं बनेगा। उन्होंने उत्तर प्रदेश की महिला किसानों से जुड़ी एक पहल का उदाहरण दिया, जिसमें साधारण मोबाइल फोन के जरिए फसलों में बीमारी की पहचान की जा सकती है। बंगा ने बताया कि विकसित देशों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की चर्चा मुख्य रूप से बड़े भाषा मॉडल और जनरेटिव एआई के इर्द-गिर्द है, जिन्हें बड़ी कंप्यूटिंग क्षमता, ऊर्जा, डेटा, कुशल लोगों और पूंजी की जरूरत होती है। कई उभरती अर्थव्यवस्थाओं में ये संसाधन एक साथ उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे में बंगा ने खेती की उत्पादकता, शिक्षा, कौशल विकास और स्वास्थ्य सेवाओं में मदद करने वाले छोटे और पूर्वानुमान आधारित एआई उपकरणों को बड़ा अवसर बताया। उत्तर प्रदेश की पहल में महिला किसान मोबाइल फोन पर बोलकर और बीमार पौधे की पत्ती की तस्वीर दिखाकर बीमारी की जानकारी हासिल कर सकती हैं तथा स्थानीय सहकारी संस्था से 25 रुपये में उपलब्ध कीटनाशक की जानकारी भी पा सकती हैं।
बंगा ने कहा कि विकसित देशों में बड़े भाषा मॉडल से लगभग एक-तिहाई नौकरियां प्रभावित होने की संभावना पर चर्चा हो रही है, लेकिन मध्यम आय वाले देशों में यह अनुपात एकल अंक तक और कम आय वाले देशों में शून्य तक पहुंच सकता है। उनके अनुसार विकासशील देशों में अभी उत्पादकता और रोजगार बढ़ाने के लिए काफी संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि बड़े भाषा मॉडल के लिए आवश्यक कंप्यूटिंग क्षमता, ऊर्जा, डेटा, प्रशिक्षित मानव संसाधन और पूंजी का एक साथ उपलब्ध होना उभरते बाजारों में आम नहीं है, इसलिए छोटे एआई उपकरणों का उपयोग अधिक तत्काल अवसर दे सकता है। इस दौरान ग्रीस के प्रधानमंत्री किरियाकोस मित्सोताकिस ने विकसित देशों में एआई और रोबोटिक्स से रोजगार पर पड़ने वाले दबाव का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि वकालत जैसे क्षेत्रों में एआई शोध और दस्तावेजीकरण के काम को प्रभावित कर सकता है, जो अक्सर शुरुआती स्तर के कर्मचारियों को मिलते हैं। उनके अनुसार विकसित देशों के मध्यम वर्ग को एआई से सफेदपोश नौकरियों और रोबोटिक्स से विनिर्माण क्षेत्र की नौकरियों पर दबाव का सामना करना पड़ सकता है।














