भोपाल, 02 मई।
मध्यप्रदेश सरकार को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से जुड़ी महत्वपूर्ण कानूनी लड़ाई में बड़ी सफलता मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार की रिव्यू याचिका को स्वीकार कर लिया है, जिसके तहत अब इस मामले की सुनवाई 13 मई को दोपहर 2 बजे ओपन कोर्ट में होगी। यह मामला उस फैसले से संबंधित है, जिसमें शिक्षकों के लिए टीईटी पास करना अनिवार्य कर दिया गया था। इस फैसले के बाद प्रदेश के शिक्षक और कर्मचारी संगठनों में चिंता का माहौल था।
राज्य सरकार ने 17 अप्रैल को सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर की थी, ताकि शिक्षकों के हितों की रक्षा की जा सके। सरकार का कहना है कि इस सुनवाई से उसे अपना पक्ष रखने का उचित अवसर मिलेगा और अदालत मामले पर दोबारा विचार करेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस संदर्भ में कहा कि राज्य सरकार हमेशा शिक्षकों के साथ खड़ी रहेगी और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। उन्होंने विश्वास जताया कि इस मामले में न्याय मिलेगा और कोर्ट में पेश किए गए तथ्यों के आधार पर शिक्षकों को राहत मिलेगी।
यह मामला उन शिक्षकों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, जिन्होंने मुख्यमंत्री से अपनी चिंताएं साझा की थीं। इसके बाद सरकार ने त्वरित कार्रवाई करते हुए रिव्यू याचिका दायर की। अब प्रदेश भर के हजारों शिक्षकों की निगाहें 13 मई की सुनवाई पर हैं, जिससे यह उम्मीद जताई जा रही है कि इस सुनवाई के बाद आगे का रास्ता साफ होगा।











