कोलकाता, 01 अप्रैल।
पश्चिम बंगाल में चल रही न्यायिक जांच प्रक्रिया को लेकर तृणमूल कांग्रेस ने कलकत्ता उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सुजय पॉल को पत्र लिखकर एक महत्वपूर्ण मांग रखी है। पार्टी ने कहा है कि उन मामलों में, जहां आवेदन “तार्किक विसंगति” के कारण खारिज किए जाते हैं, अस्वीकृति के स्पष्ट कारण दर्ज किए जाएं।
पत्र में तृणमूल ने यह भी आग्रह किया कि जिन आवेदनों को खारिज किया जाएगा, उनके नाम के साथ पूरक सूची में अस्वीकृति का कारण भी शामिल किया जाए। इससे अपील करने वाले लोगों को यह स्पष्ट समझ मिलेगा कि वे न्यायाधिकरण में अपील करते समय किन बिंदुओं को प्रमुखता दें।
पार्टी ने ऑफलाइन अपील प्रक्रिया के शीघ्र प्रारंभ की अधिसूचना जारी करने का अनुरोध किया है, ताकि प्रभावित मतदाता समय पर अपनी अपील दर्ज कर सकें। साथ ही यह सुझाव दिया गया कि अपील केवल जिला मजिस्ट्रेट और उपमंडल अधिकारी के कार्यालयों तक सीमित न रहे, बल्कि प्रखंड विकास अधिकारी के कार्यालयों में भी स्वीकार की जाए। इससे अपील प्रक्रिया का विकेंद्रीकरण होगा और अधिक मतदाताओं को सुविधा मिलेगी।
पत्र में यह भी कहा गया कि अपील करने वाले मतदाता स्वयं या अपने अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से अपनी बात रख सकें। उन्हें न्यायाधिकरण में व्यक्तिगत रूप से या आभासी माध्यम से सुनवाई का अवसर मिलना चाहिए और सुनवाई की तिथि की जानकारी समय पर उपलब्ध कराई जाए।
तृणमूल कांग्रेस का मानना है कि इन सुधारों से न्यायिक प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनेगी और मतदाताओं के लिए सुविधाजनक होगी।












