कोलकाता, 03 अप्रैल।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 की तैयारियों के बीच दक्षिण दिनाजपुर जिले के हरिरामपुर में आयोजित चुनावी सभा में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भाजपा और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर जमकर हमला बोला। शुक्रवार को तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार के समर्थन में जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने भाजपा पर कई गंभीर आरोप लगाए।
मुख्यमंत्री ने अमित शाह के चुनाव से पहले 25 दिन राज्य में रहने की घोषणा पर कटाक्ष किया और कहा कि चाहे वह पूरे साल राज्य में रहें, तृणमूल कांग्रेस पर इसका कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने दावा किया कि जितना लोग उनका चेहरा देखेंगे, उतना ही भाजपा के वोट कम होंगे। ममता ने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं के चेहरे पर अत्याचार और दंगों की छाप साफ दिखाई देती है।
उन्होंने भाजपा पर सीटों के पुनर्विन्यास के जरिए बंगाल को बांटने की साजिश रचने का आरोप लगाया और बिहार व पश्चिम बंगाल के कुछ इलाकों को मिलाकर अलग राज्य बनाने की योजना होने का दावा किया। इसके बावजूद उन्होंने भरोसा जताया कि 2026 के चुनाव में भाजपा को हार का सामना करना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने मतदान के दिन केंद्रीय बलों के दुरुपयोग की आशंका जताई और अपने उम्मीदवारों को अति आत्मविश्वास से बचने तथा कार्यकर्ताओं को क्षेत्र में सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने राज्य सरकार की सामाजिक योजनाओं का उल्लेख करते हुए जनता से जागरूक रहने की अपील की।
मालदा की हालिया घटना का जिक्र करते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि आरोपित को राज्य की आपराधिक जांच शाखा ने गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने दावा किया कि आरोपी महाराष्ट्र से आ रहा था और भाजपा के इशारे पर अशांति फैलाने की साजिश रच रहा था। राष्ट्रीय जांच एजेंसी के पहुंचने से पहले ही आरोपी को बागडोगरा से पकड़ लिया गया।
मुख्यमंत्री ने भाजपा से जुड़े लोगों पर बैंक खातों की जानकारी मांगने और पैसे का लालच देने का आरोप लगाया। उन्होंने जनता से सावधान रहने और किसी को भी अपने बैंक खाते का विवरण न देने की चेतावनी दी।
ममता ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस विकास और जनकल्याण के मुद्दों पर चुनाव लड़ रही है और जनता पार्टी को समर्थन देगी।












