जबलपुर, 02 मई
मध्य प्रदेश के जबलपुर स्थित बरगी डैम में हुए क्रूज हादसे के बाद लापता चार लोगों की तलाश जारी है। शनिवार को भी एनडीआरएफ-एसडीआरएफ और सेना की टीम ने सर्च ऑपरेशन जारी रखा, लेकिन दोपहर तक कोई सफलता नहीं मिली। तेज हवा और डैम में उठ रही लहरों के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में समस्याएं आ रही हैं।
हादसे को 40 घंटे से अधिक हो चुके हैं, लेकिन तीन बच्चों सहित चार लोग अभी भी लापता हैं। बरगी सिटी के सीएसपी अंजुल अयंक मिश्रा ने बताया कि शनिवार सुबह सर्चिंग अभियान फिर से शुरू किया गया है। हादसे के दौरान लापता हुए चारों लोग, जिनमें 3 बच्चे शामिल हैं, उनकी तलाश के लिए सेना की भी मदद ली जा रही है। छोटी नाव के कारण तेज हवा में सर्चिंग करना काफी मुश्किल हो रहा है।
बरगी डैम में गुरुवार शाम करीब 5 बजे पर्यटन विभाग का एक क्रूज तेज आंधी के कारण डूब गया था। हादसे के समय क्रूज में 45 से ज्यादा पर्यटक मौजूद थे। अब तक नौ लोगों के शव बरामद किए गए हैं, जबकि 28 को सुरक्षित बचा लिया गया है। हादसे के बाद शुक्रवार शाम बारिश शुरू हो गई, जिसके कारण सर्चिंग को रोकना पड़ा था। शनिवार सुबह फिर से सर्चिंग शुरू हुई।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हादसे के बाद सख्त कदम उठाए हैं। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और पीड़ितों से मुलाकात की। इसके बाद लापरवाही के आरोप में क्रूज पायलट महेश पटेल, हेल्पर छोटेलाल गोंड और टिकट काउंटर प्रभारी बृजेन्द्र की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गईं। होटल मैकल रिसार्ट और बोट क्लब के मैनेजर सुनील मरावी को निलंबित किया गया है।
मुख्यमंत्री ने उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है, जिसमें महानिदेशक होमगार्ड, सचिव मध्य प्रदेश शासन और आयुक्त जबलपुर संभाग शामिल हैं। यह समिति दुर्घटना के कारण, क्रूज संचालन के नियमों और अन्य महत्वपूर्ण पहलुओं की जांच करेगी।










