पटना, 03 अप्रैल 2026।
अरुणाचल प्रदेश में तैनात सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के जवान प्रमोद कुमार ने सासाराम स्थित अंचल अधिकारी पर गंभीर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि कोर्ट के आदेश के बावजूद उनकी जमीन भू-माफियाओं को दे दी गई और परिवार को लगातार धमकियां मिल रही हैं। इस घटना ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रमोद कुमार ने फेसबुक पर वीडियो जारी कर अपनी पीड़ा साझा की।
वीडियो में जवान प्रमोद कुमार ने कहा कि एक सैनिक हर हाल में देश की रक्षा करता है, लेकिन जब उसका परिवार और संपत्ति ही सुरक्षित नहीं है, तो वह किस मनोस्थिति में ड्यूटी करेगा। उन्होंने सवाल उठाया कि जब मेरा परिवार सुरक्षित नहीं है तो मैं देश की रक्षा कैसे करूं।
प्रमोद कुमार के अनुसार उनकी जमीन पर वर्षों से विवाद चल रहा था और डीसीएलआर कोर्ट ने उनके पक्ष में फैसला दिया था। आरोप है कि तत्कालीन सीओ शिव शरण उपाध्याय ने कोर्ट के आदेश और नोटिस की अनदेखी करते हुए भू-माफियाओं को जमीन आवंटित कर दी, allegedly मोटी रकम लेकर।
जवान ने बताया कि 28 मार्च को सीओ ने दोनों पक्षों को सुनवाई के लिए बुलाया था। वह ड्यूटी पर थे, लेकिन उनका परिवार सीओ कार्यालय गया और पूरे दिन गेट पर इंतजार करता रहा। आरोप है कि उस दिन सुनवाई नहीं की गई और बिना कोर्ट आदेश देखे, जमीन भू-माफियाओं के पक्ष में कर दी गई।
उन्होंने जमीन का विवरण खाता संख्या 287 और प्लॉट संख्या 54, 07, 08, 09 से जोड़ा और कहा कि अब भू-माफियाओं द्वारा उनके परिवार को लगातार धमकियां दी जा रही हैं। यदि कोई कार्रवाई की गई तो जान से मारने की चेतावनी दी जा रही है।
प्रमोद कुमार ने बिहार सरकार, केंद्र सरकार और उच्च अधिकारियों से अपील की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने भावुक अपील करते हुए पूछा कि मैं अपने परिवार की रक्षा करूं या देश की?











