कोलकाता, 23 जून।
तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी ने विदेश यात्रा की अनुमति के लिए कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख किया है। उन्होंने मंगलवार को न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य की पीठ के समक्ष अपना आवेदन प्रस्तुत किया। मामले पर सप्ताह के अंत तक सुनवाई होने की संभावना जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, अभिषेक बनर्जी अपनी आंख के इलाज के लिए विदेश जाना चाहते हैं। उन्होंने अदालत से सात दिनों के लिए विदेश यात्रा की अनुमति देने का अनुरोध किया है। वर्तमान में उनके विदेश जाने पर कोई सीधी कानूनी रोक नहीं है, लेकिन विभिन्न लंबित मामलों के मद्देनजर उन्होंने एहतियातन अदालत से अनुमति लेने का फैसला किया है।
बताया जा रहा है कि पूर्व में अदालत ने उनसे संबंधित मामलों की जांच में सहयोग करने के निर्देश दिए थे। इसी कारण अभिषेक बनर्जी चाहते हैं कि उनकी विदेश यात्रा को लेकर जांच प्रक्रिया पर किसी प्रकार का सवाल न उठे और सभी प्रक्रियाएं कानूनी रूप से स्पष्ट रहें।
गौरतलब है कि वर्ष 2016 में मुर्शिदाबाद से लौटते समय हुए एक सड़क हादसे में उनकी आंख गंभीर रूप से घायल हो गई थी। इसके बाद उन्होंने देश के विभिन्न अस्पतालों में उपचार कराया था और आगे के इलाज के लिए विदेश भी गए थे। अब उसी समस्या से जुड़े उपचार के लिए उन्होंने दोबारा विदेश जाने की अनुमति मांगी है।
अभिषेक बनर्जी की यह पहल ऐसे समय में सामने आई है, जब पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस के भीतर आंतरिक मतभेदों की चर्चा तेज है। हाल के दिनों में पार्टी के एक बागी गुट ने उनके खिलाफ खुलकर मोर्चा खोला है।
सोमवार को बागी नेताओं की एक बैठक में नई राष्ट्रीय कार्यसमिति के गठन की घोषणा की गई। इस नई समिति में न तो ममता बनर्जी को शामिल किया गया और न ही अभिषेक बनर्जी को स्थान दिया गया, जिससे पार्टी के भीतर जारी राजनीतिक खींचतान और अधिक चर्चा में आ गई है।










