अम्बिकापुर, 25 जून।
छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में साइबर ठगी के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क पर कार्रवाई करते हुए अम्बिकापुर कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने चार आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनमें ऑनलाइन धोखाधड़ी में इस्तेमाल किए गए बैंक खातों के दो खाताधारक भी शामिल हैं। पुलिस ने सभी आरोपितों को गिरफ्तार कर गुरुवार को न्यायालय में पेश किया।
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान शुभम यादव (26), धीरज पाण्डेय (20), शिवम यादव (25) और कृष गुप्ता (21) के रूप में हुई है। शुभम और शिवम यादव बाबूपारा के निवासी हैं, जबकि धीरज पाण्डेय और कृष गुप्ता मठपारा, अम्बिकापुर के रहने वाले हैं।
पुलिस के अनुसार, भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (आई4सी) के पोर्टल से संदिग्ध मोबाइल नंबरों और म्यूल अकाउंट्स की सूची मिलने के बाद पुलिस मुख्यालय रायपुर से आवश्यक निर्देश जारी किए गए थे। इन्हीं निर्देशों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई गई और संयुक्त कार्रवाई को अंजाम दिया गया।
जांच के दौरान सामने आया कि शुभम यादव के बैंक खाते के संबंध में देश के विभिन्न राज्यों से ऑनलाइन धोखाधड़ी की कई शिकायतें दर्ज थीं। इस खाते में 42,499 रुपये की ठगी की राशि प्राप्त की गई थी। इसी तरह धीरज पाण्डेय के बैंक खाते में भी अलग-अलग राज्यों से ठगी से जुड़े मामले मिले, जिनमें करीब 22,563 रुपये की रकम स्थानांतरित की गई थी।
पूछताछ में पुलिस को पता चला कि पूरे नेटवर्क की योजना शिवम यादव और कृष गुप्ता ने तैयार की थी। दोनों ने शुभम यादव और धीरज पाण्डेय के नाम पर फर्जी तरीके से सिम कार्ड जारी कराए और बैंक खाते खुलवाए। इन म्यूल अकाउंट्स का उपयोग साइबर अपराध से अर्जित धन के लेन-देन और उसे सुरक्षित रखने के लिए किया जा रहा था। पुलिस ने धीरज पाण्डेय के मोबाइल फोन से शिवम यादव और कृष गुप्ता के बीच हुई बातचीत के ऑडियो साक्ष्य भी जब्त किए हैं, जिन्हें मामले में महत्वपूर्ण प्रमाण माना जा रहा है।
पुलिस ने चारों आरोपितों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 317(4) और 61(2) के तहत थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 428/26 दर्ज किया है। सभी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया गया है।
पुलिस प्रशासन ने बताया कि साइबर ठगी में उपयोग किए जा रहे म्यूल अकाउंट्स और संदिग्ध मोबाइल नंबरों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। मामले में कुछ अन्य आरोपित अभी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
इस कार्रवाई में कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक शशिकांत सिन्हा, उप निरीक्षक राजेंद्र सिंह, साइबर सेल प्रभारी सहायक उप निरीक्षक अजीत मिश्रा, प्रधान आरक्षक विकास सिन्हा तथा आरक्षक मनीष सिंह, अमन पुरी, शिव राजवाड़े और मंटूलाल गुप्ता की प्रमुख भूमिका रही।















