चेन्नई, 29 जून।
तमिलनाडु के मंत्री शरतकुमार से जुड़े एक विवादित वीडियो के बाद राज्य की राजनीति गरमा गई है। सोमवार को चेन्नई के एग्मोर स्थित राजारथिनम मैदान के समीप मंत्री के खिलाफ प्रदर्शन की तैयारी कर रहे द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (द्रमुक) छात्र विंग के कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। इस दौरान पुलिस ने प्रदर्शन स्थल पर लगाए गए मंच, पंडाल और लाउडस्पीकर को भी हटवा दिया, जिससे क्षेत्र में कुछ समय के लिए तनाव व्याप्त रहा।
विवाद की जड़ एक वायरल वीडियो है, जिसमें मंत्री शरतकुमार को आईपीएल मैच के दौरान हाथ में संदिग्ध नशीला पदार्थ जैसा सामान लिए देखा गया। विपक्षी दलों और छात्र संगठन ने इस पर कड़ा एतराज जताते हुए इसे युवाओं के लिए गलत संदेश बताया। हालाँकि, मंत्री ने सफाई दी है कि वे अपने बच्चे के लिए दवा तैयार कर रहे थे और आरोपों को पूरी तरह भ्रामक बताया।
एग्मोर के सहायक पुलिस आयुक्त के नेतृत्व में पहुंची पुलिस टीम ने स्पष्ट किया कि विरोध प्रदर्शन के लिए महानगर पुलिस से पूर्व अनुमति नहीं ली गई थी। इस मुद्दे पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच नोकझोंक और धक्का-मुक्की भी हुई। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से पुलिस ने बिना अनुमति आयोजित कार्यक्रम को रोकने हेतु छात्र विंग के पदाधिकारियों को हिरासत में लिया।
घटना के बाद विपक्ष ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन करार दिया है। फिलहाल एग्मोर क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है और किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए भारी पुलिस बल तैनात है। हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं को बाद में रिहा कर दिया गया।














