काठमांडू, 07 जुलाई।
नेपाल की सत्तारूढ़ राष्ट्रीय स्वतन्त्र पार्टी (आरएसपी) ने अपने विधान में बड़ा बदलाव किया है। अब पार्टी प्रमुख के पास यह शक्ति होगी कि यदि संसदीय दल का नेता यानी प्रधानमंत्री उनके नीतिगत निर्देशों को नहीं मानता है, तो उन्हें उनके पद से हटाया जा सकेगा।
नए संशोधनों के तहत पार्टी अध्यक्ष को यह विशेष अधिकार दिया गया है कि वे संसद में पार्टी की नीति, सिद्धांत और निर्णयों के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए संसदीय दल को दिशा-निर्देश दे सकें।
विधान की धारा 68 (1) में स्पष्ट किया गया है कि पार्टी प्रमुख द्वारा दिए गए इन नीतिगत निर्देशों का पालन करना संसदीय दल के नेता और सभी सांसदों के लिए पूरी तरह से अनिवार्य कर दिया गया है।
पार्टी के इस संशोधित विधान के मुताबिक, अध्यक्ष रवि लामिछाने द्वारा जारी किए गए निर्देशों की अनदेखी करने पर संबंधित नेता को पदमुक्त करने की सख्त कार्रवाई की जा सकती है।
अध्यक्ष को यह अधिकार भी प्राप्त है कि यदि संसदीय दल के नेता निर्देशों का पालन करने में विफल रहते हैं, तो उन्हें पद से हटाने की प्रक्रिया शुरू की जा सके।











