हरिद्वार, 09 जुलाई।
जनपद में पिछले 24 घंटों से जारी मूसलाधार वर्षा ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। जलभराव की गंभीर स्थिति का स्वतः संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने गुरुवार को स्वयं सड़कों पर उतरकर प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने भगत सिंह चौक, रानीपुर मोड़, कनखल के गुरुबख्श विहार और राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित भूमनानंद अस्पताल के पास जल निकासी की स्थिति का जायजा लिया।
आंकड़ों के अनुसार, लक्सर में 180 मिमी, रुड़की में 160 मिमी और हरिद्वार क्षेत्र में 122 मिमी बारिश दर्ज की गई है। इस भारी जलप्रपात के कारण कई निचले इलाकों में पानी जमा हो गया है। जिलाधिकारी ने मौके पर ही अधिकारियों को युद्धस्तर पर जल निकासी सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए ताकि स्थानीय निवासियों को राहत मिल सके।
यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए जिलाधिकारी ने पुलिस एवं ट्रैफिक विभाग को निर्देशित किया है कि जलभराव वाले मार्गों पर आवश्यकतानुसार ट्रैफिक डायवर्जन किया जाए, जिससे शहर में जाम की समस्या उत्पन्न न हो। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को आपदा प्रबंधन के प्रति पूरी तरह मुस्तैद रहने और सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई करने का आदेश दिया है।
इसके अलावा, जिलाधिकारी ने आमजन और श्रद्धालुओं से विशेष अपील की है कि वे गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए अत्यंत सावधानी बरतें। उन्होंने लोगों को गंगा घाटों और नदी किनारों के समीप जाने से बचने की सलाह दी है। इस निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट, एसपी सिटी और अन्य विभागीय अधिकारी साथ मौजूद रहे, जिन्होंने प्रभावित स्थानों पर स्थिति को नियंत्रित करने में सहयोग दिया।















