ऑकलैंड, 11 जुलाई।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ऑकलैंड में न्यूजीलैंड के उद्योगपतियों को संबोधित करते हुए भारत को वैश्विक विकास का एक बड़ा 'लॉन्चपैड' करार दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत अब केवल एक उपभोक्ता बाजार तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दुनिया की सबसे तेज गति से आगे बढ़ती अर्थव्यवस्था के रूप में अपनी धाक जमा चुका है।
मोदी ने कहा कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच हुआ मुक्त व्यापार समझौता आर्थिक संबंधों को नई ऊंचाई देगा। इसके तहत वर्ष 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को 7 अरब न्यूजीलैंड डॉलर तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने न्यूजीलैंड को भारत के विनिर्माण और विकास कार्यों में खुलकर निवेश करने का आमंत्रण दिया है।
प्रधानमंत्री ने जानकारी दी कि न्यूजीलैंड ने अगले 15 वर्षों के भीतर भारत में 20 अरब डॉलर का निवेश करने की प्रतिबद्धता जताई है। उन्होंने उद्योग जगत को 'प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव' यानी पीएलआई योजना का लाभ उठाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि खाद्य प्रसंस्करण और वस्त्र उद्योग जैसे 14 प्रमुख क्षेत्रों में भारी प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं।
डिजिटल क्रांति और फिनटेक का जिक्र करते हुए मोदी ने बताया कि वैश्विक रियल-टाइम भुगतान में भारत का हिस्सा 50 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि भारत में आधुनिक बुनियादी ढांचे, डिजिटल तकनीक और कुशल कार्यबल के चलते निवेशकों के लिए अभूतपूर्व अवसर खुले हैं।
मोदी ने दोनों देशों के कारोबारियों से पांच बड़ी संयुक्त परियोजनाएं शुरू करने और एक प्रभावी समीक्षा तंत्र बनाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि साझा लोकतांत्रिक मूल्यों और सतत विकास की नींव पर बनी यह आर्थिक साझेदारी आने वाले समय में नई मिसाल पेश करेगी।







