भोपाल, 11 जुलाई।
विश्व जनसंख्या दिवस के अवसर पर मध्य प्रदेश में आज से जनसंख्या सप्ताह का आगाज हो गया है। शासन की गाइडलाइन के अनुसार, 18 जुलाई तक प्रदेश भर में जन-जागरूकता के विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जिसकी शुरुआत आज जनजागरूकता रथों और रैलियों के साथ हुई। स्वास्थ्य विभाग द्वारा इस पूरे अभियान को व्यापक रूप देने की तैयारी की गई है ताकि संदेश हर वर्ग तक पहुँचे।
सीहोर जिले के सीएमएचओ डॉ सुधीर डेहरिया ने अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि मुख्य उद्देश्य जनसंख्या स्थिरीकरण, परिवार नियोजन और मातृ-शिशु स्वास्थ्य के प्रति जनमानस को जागरूक करना है। इस वर्ष के विशेष अभियान की थीम 'माँ और बच्चे की सेहत के लिए और अनचाही प्रेग्नेंसी से बचने के लिए, प्रेग्नेंसी के बीच सही समय और अंतर रखना' पर आधारित है।
अभियान के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीमें विवाह के बाद संतान उत्पत्ति में सही अंतराल, बच्चों के जन्म में उचित अंतर और प्रसव के पश्चात परिवार नियोजन सेवाओं के लाभों पर विस्तार से चर्चा करेंगी। इसके साथ ही, परिवार नियोजन के स्थायी और अस्थायी साधनों के इस्तेमाल को लेकर भी लोगों को शिक्षित किया जाएगा। इस दौरान पुरुषों की सहभागिता बढ़ाने पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।








