गाजियाबाद, 18 जुलाई।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गाजियाबाद में विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों में आस्था के प्रतीकों और कांवड़ यात्रा पर रोक लगाई जाती थी, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण था। उन्होंने कहा कि आज के दौर में गाजियाबाद सुशासन का मॉडल बन चुका है, जहाँ रैपिड रेल जैसी आधुनिक सुविधाएं जनता को मिल रही हैं। मुख्यमंत्री ने मुरादनगर व मोदीनगर विधानसभा क्षेत्र में 868 करोड़ रुपये की 90 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने पूर्व कैबिनेट मंत्री राजपाल त्यागी की प्रतिमा का अनावरण करते हुए उनके जनसेवा के कार्यों को याद किया।
योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में 2017 से पहले की स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि तब गाजियाबाद अपनी गुंडागर्दी और गैंगवार के लिए जाना जाता था, लेकिन अब यह शहर 'ग्रोथ इंजन' के रूप में अपनी पहचान बना रहा है। उन्होंने बताया कि किस प्रकार रैपिड रेल परियोजना को पिछली सरकार ने नकार दिया था, जिसे वर्तमान सरकार ने प्राथमिकता देकर पूरा किया। आज मेरठ से दिल्ली का सफर मात्र 40 मिनट में तय हो रहा है। उन्होंने कांग्रेस और सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि वे लोग विकास के पैसे पर डकैती डालते थे, जिससे गरीबों को योजनाओं का लाभ नहीं मिल पाता था।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांवड़ यात्रा अब पूरी मर्यादा और अनुशासन के साथ निकलती है और सरकार शिवभक्तों को सुरक्षा व सुविधा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी कांवड़ संघों से अपील की कि आयोजन की गरिमा बनाए रखें। आस्था के सम्मान को प्राथमिकता देते हुए उन्होंने दुग्धेश्वर नाथ मंदिर कॉरिडोर और अन्य तीर्थ स्थलों के विकास का उल्लेख किया। अंत में, उन्होंने कहा कि सुरक्षा, सुशासन और समृद्धि के मेल से ही गाजियाबाद जैसे शहरों का कायाकल्प संभव हो सका है, जो आने वाली पीढ़ी के लिए एक नए भविष्य की नींव रख रहा है।












