वाशिंगटन, 06 अक्टूबर।
अमेरिका ने मध्य पूर्व में अपने दो प्रमुख साझीदार देशों संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और कुवैत के साथ बड़े रक्षा समझौतों को हरी झंडी दे दी है। अमेरिकी विदेश विभाग से मिली आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, लगभग 01 अरब डॉलर के एक प्रमुख अनुबंध के अंतर्गत यूएई को रॉकेटों हेतु अधिकतम 10,000 एडवांस्ड प्रिसीजन किल वेपन सिस्टम (एपीकेडब्ल्यूएस) गाइडेंस सेक्शन प्रदान किए जाएंगे। इस अत्याधुनिक तकनीक के माध्यम से बिना मार्गदर्शन वाले साधारण रॉकेटों को बेहद सटीक निशाना लगाने वाले घातक हथियारों में बदला जा सकता है, जो मुख्य रूप से कम लागत वाले ड्रोन जैसे हवाई खतरों को नेस्तनाबूद करने में बेहद कारगर साबित होते हैं। वाशिंगटन का मानना है कि इस रणनीतिक सौदे से खाड़ी देश की रक्षात्मक तैयारियां और अधिक पुख्ता होंगी तथा अमेरिकी सेना के साथ उसका ऑपरेशनल तालमेल और बेहतर हो सकेगा।
दूसरी ओर, एक अन्य महत्वपूर्ण फैसले के तहत अमेरिका ने कुवैत के लिए भी लगभग 40 करोड़ डॉलर के रक्षा समझौते को मंजूरी प्रदान की है, जिसके अंतर्गत पैट्रियट मिसाइल प्रणालियों की मरम्मत और उनके रखरखाव से जुड़ी सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। क्षेत्रीय सुरक्षा के लिहाज से पैट्रियट मिसाइलों की भूमिका हमेशा से बेहद अहम रही है, खासकर ईरान की ओर से संभावित हमलों का मुकाबला करने में यह तकनीक बेहद मददगार साबित होती आई है। अमेरिकी प्रशासन का यह भी कहना है कि ये दोनों रक्षा सौदे क्षेत्र में वाशिंगटन की विदेश नीति और राष्ट्रीय सुरक्षा के उद्देश्यों को गति देने के साथ-साथ उसके करीबी सहयोगियों की संप्रभुता को सुरक्षित रखने में मील का पत्थर साबित होंगे।














