चेन्नई, 17 मार्च।
तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव को देखते हुए चुनाव आचार संहिता का पालन सख्ती से किया जा रहा है और इसी क्रम में 108 आपातकालीन एंबुलेंस सेवा को भी नियमों के दायरे में लाया गया है। 108 एंबुलेंस सेवा के राज्य प्रमुख सेल्व कुमार और क्षेत्रीय प्रमुख मोहम्मद बिलाल ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जनता और कर्मचारियों को विस्तृत जानकारी दी।
तमिलनाडु में 23 अप्रैल को विधानसभा चुनाव होने हैं, जिसके लिए चुनाव आयोग ने 15 मार्च को आधिकारिक घोषणा की थी और आचार संहिता लागू कर दी गई। इसके तहत उम्मीदवारों और आम लोगों के लिए कई नियम लागू हैं, जिसमें 50 हजार रुपये से अधिक नकद ले जाने पर दस्तावेज साथ रखना अनिवार्य है।
अब 108 एंबुलेंस में ले जाए जाने वाले मरीज और उनके परिजन अधिक नकद राशि साथ नहीं ले जा सकते। यदि कोई राशि साथ ले जाता है, तो उसकी जानकारी दस्तावेज में दर्ज की जाएगी।
ड्राइवर और कर्मचारी चुनाव के दौरान किसी भी राजनीतिक गतिविधियों में शामिल नहीं हो सकते। वर्तमान में तमिलनाडु में लगभग 1,353 एंबुलेंस एक निजी हेल्थ सर्विस कंपनी के माध्यम से संचालित की जा रही हैं।
एंबुलेंस वाहनों में चुनाव से संबंधित नियमों के नोटिस भी लगाए गए हैं। इसके अनुसार एंबुलेंस में चिकित्सा उपकरणों के अलावा अन्य सामान ले जाना प्रतिबंधित रहेगा। बिना अनुमति किसी अन्य व्यक्ति को एंबुलेंस में बैठाना भी मना है। आपातकालीन वाहनों की जांच केवल राज्य सरकार के अधिकृत कर्मचारी, पुलिस अधिकारी और चुनाव पर्यवेक्षक ही कर सकते हैं।
ड्राइवर और कर्मचारियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि मरीज या उनके परिजन एंबुलेंस में रखे बॉक्स या उपकरणों को न खोलें, ताकि नकद या अन्य वस्तुएं छिपाकर ले जाने की संभावना रोकी जा सके। इसके अलावा, एंबुलेंस में आने वाले लोगों के पास चुनाव से संबंधित कोई सामग्री नहीं होनी चाहिए और वाहन पर चुनाव प्रचार से जुड़े स्टिकर या चिन्ह नहीं लगाए जा सकते।












