गुवाहाटी, 24 मार्च।
असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) के अध्यक्ष गौरव गोगोई ने मंगलवार को मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा पर परिवार-नियंत्रित सरकार चलाने और राज्य में डर और धमकियों का माहौल बनाने का आरोप लगाया।
गोगोई ने मीडिया से बातचीत में कहा कि डॉ. सरमा के शासन में जवाबदेही और पारदर्शिता खत्म हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेतृत्व वाली सरकार लोकतांत्रिक सिद्धांतों से दूर होकर सिर्फ परिवार और निजी हितों के लिए काम कर रही है। गौरव गोगोई ने कहा कि सत्ता को अपने हाथों में केंद्रित करने और जन कल्याण के बजाय निजी लाभ को प्राथमिकता देने की प्रवृत्ति स्पष्ट हो चुकी है।
कांग्रेस नेता ने यह भी कहा कि मौजूदा प्रशासन लोगों को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट करने के लिए भी गिरफ्तार कर रहा है। उन्होंने असम के विधानसभा चुनाव को जनता की लड़ाई बताते हुए कहा कि कांग्रेस का लक्ष्य ऐसी सरकार बनाना है जो नागरिकों की प्राथमिकताओं पर आधारित नीतियां बनाए।
गोगोई ने भाजपा में कई पूर्व कांग्रेस नेताओं की मौजूदगी पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि ऐसे कई नेता, जिनकी कभी कांग्रेस में आलोचना होती थी, अब डॉ. सरमा के नेतृत्व में भाजपा में शामिल हो गए हैं। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश मुख्यालय में अब कई पूर्व कांग्रेस चेहरों की उपस्थिति से भाजपा अपनी मूल पहचान खो चुकी है।












