ओस्लो (नॉर्वे), 30 मई ।
नॉर्वे चेस 2026 के विश्राम दिवस पर शतरंज की बिसात से दूर दुनिया के शीर्ष ग्रैंडमास्टर्स ने ओस्लोफ्योर्ड की लहरों पर आयोजित सेलिंग रेस में हिस्सा लिया, जहां माहौल पूरी तरह रोमांच और मनोरंजन से भर गया।
इसी खास दिन पर मौजूदा विश्व चैंपियन डी. गुकेश ने अपना 20वां जन्मदिन भी मनाया, जिससे यह दिन खिलाड़ियों के लिए और भी यादगार बन गया।
आयोजकों द्वारा परंपरागत रूप से आयोजित इस गतिविधि में खिलाड़ियों को दो टीमों में बांटा गया और उद्देश्य उन्हें प्रतिस्पर्धा के दबाव से हटाकर टीम भावना और मनोरंजन का अनुभव कराना रहा।
इस सेलिंग रेस में भारत के ग्रैंडमास्टर्स डी. गुकेश, आर. प्रज्ञानानंद, दिव्या देशमुख और कोनेरू हम्पी सहित दुनिया के कई शीर्ष खिलाड़ी शामिल हुए, जिनमें मैग्नस कार्लसन और अन्य दिग्गज भी मौजूद रहे।
यह आयोजन नॉर्वे चेस की उस परंपरा का हिस्सा है, जिसमें खिलाड़ियों को शतरंज की गंभीरता से अलग हटकर विभिन्न अनोखी गतिविधियों में शामिल किया जाता है ताकि मानसिक ताजगी बनी रहे।
पिछले वर्षों में भी इस तरह की गतिविधियों में कुकिंग, तीरंदाजी, ट्रैक्टर ड्राइविंग और अन्य मनोरंजक चुनौतियां शामिल रही हैं, जो इस टूर्नामेंट की अनोखी पहचान बन चुकी हैं।
इस बार का आयोजन इसलिए भी खास रहा क्योंकि 13 वर्षों के बाद नॉर्वे चेस का आयोजन ओस्लो में किया जा रहा है, जबकि इससे पहले यह लंबे समय तक स्टावेंजर में आयोजित होता रहा था।
विश्राम दिवस के दौरान खिलाड़ियों के बीच आपसी सौहार्द और दोस्ताना माहौल देखने को मिला, जिसमें आने वाले विश्व चैंपियनशिप चुनौतीकर्ता जावोखिर सिंदारोव भी शामिल रहे।
इसके साथ ही भारतीय ग्रैंडमास्टर्स और नॉर्वे चेस प्रतिनिधिमंडल ने ओस्लो स्थित भारतीय राजदूत से भी मुलाकात की, जहां खेल और सांस्कृतिक सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा हुई।
अब विश्राम के बाद सभी खिलाड़ी फिर से शतरंज की बिसात पर उतरेंगे, जहां आगामी मुकाबलों में खिताबी जंग और भी रोमांचक होने की उम्मीद है













